
प्रिया मिश्रा
प्रिया को पिछले 4 सालों से हेल्थ और लाइफस्टाइल विषयों पर लिखने का अनुभव है। इन्हें हेल्थ और ... Read More
Written By: priya mishra | Published : June 4, 2024 5:31 PM IST
Yoga For Nerve Weakness: नसों की कमजोरी की वजह से शरीर में कई तरह की समस्याएं होने लगती हैं। इसकी वजह से शरीर में ब्लड सर्कुलेशन बुरी तरह प्रभावित होता है। नसें कमजोर होने पर शरीर का संतुलन बिगड़ सकता है। इसकी वजह से व्यक्ति को चलने-फिरने से लेकर बोलने तक में परेशानी हो सकती है। नसों में कमजोरी कई कारणों से हो सकती है, जैसे खराब खानपान, तनाव, व्यायाम की कमी और लंबे समय तक बैठे रहना। अधिकतर लोग नसों की कमजोरी को दूर करने के लिए दवाओं का सेवन करते हैं। लेकिन आप चाहें तो इस समस्या से छुटकारा पाने के लिए योग का सहारा ले सकते हैं। योगासन न केवल नसों को मजबूत बनाने में मदद करते हैं, बल्कि समग्र स्वास्थ्य को भी बेहतर बनाते हैं। आज इस लेख में हम आपको कुछ ऐसी योगासनों के बारे में बताने जा रहे हैं, जो नसों की कमजोरी से राहत दिलाने में मददगार साबित हो सकते हैं।
इस योगासन को करने के लिए योगा मैट पर घुटनों के बल खड़े हो जाएं।
अब अपने कूल्हों को एड़ी पर रखकर बैठ जाएं।
अपने सिर को सीधा रखें और हाथों को अपने घुटनों पर रखें।
अब अपनी आंखों को बंद करके सांस लें और छोड़ें।
इस अभ्यास को आप 5-10 मिनट के लिए कर सकते हैं।
इस योगासन को करने के लिए जमीन पर सीधे खड़े हो जाएं।
इस दौरान अपनी कमर को सीधा रखें और आपके पैर आपस में जुड़े होने चाहिए।
अब हाथ जोड़ने की मुद्रा में खड़े हो जाएं और धीरे-धीरे अपने हाथों को ऊपर की ओर ले जाएं।
अब अपनी एड़ियों पर उठने की कोशिश करें और शरीर का भार अपने निचले हिस्से पर डालें।
कुछ सेकंड तक इस स्थिति में रहने के बाद वापस सामान्य अवस्था में आ जाएं।
इस प्रक्रिया को 10-15 बार दोहराएं।
इस आसन को करने के लिए योगा मैट पर पेट के बल लेट जाएं।
अपनी कोहनियों को कमर से सटा के रखें और हथेलियां ऊपर की ओर रखें।
अब धीरे-धीरे सांस भरते हुए, अपनी छाती को ऊपर की ओर उठाएं।
उसके बाद अपने पेट को धीरे-धीरे ऊपर उठा लें। इस स्थिति में 30 सेकंड तक रहें।
अब सांस छोड़ते हुए, सिर को धीरे-धीरे जमीन की ओर नीचे लाएं।
इस प्रक्रिया को आप 3 से 5 बार दोहराएं।
इस आसन को करने के लिए योगा मैट पर पेट के बल लेट जाएं।
अपने दोनों पैरों को सटा कर रखें।
अब अपनी दोनों हथेलियों को दोनों जांघों के नीचे रखें।
अब सांस भरते हुए अपने पैरों को ऊपर उठाने की कोशिश करें।
इस स्थिति स्थिति में 30 से 60 सेकंड तक रहें।
फिर अपनी प्रारंभिक मुद्रा में लौट आएं।
इस प्रक्रिया को 3-5 बार दोहराएं।
Disclaimer: हमारे लेखों में साझा की गई जानकारी केवल इंफॉर्मेशनल उद्देश्यों से शेयर की जा रही है इन्हें डॉक्टर की सलाह के रूप में नहीं माना जाना चाहिए। किसी भी बीमारी या विशिष्ट हेल्थ कंडीशन के लिए स्पेशलिस्ट से परामर्श लेना अनिवार्य होना चाहिए। डॉक्टर/एक्सपर्ट की सलाह के आधार पर ही इलाज की प्रक्रिया शुरु की जानी चाहिए।