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Yoga After Meal For Digestion: शरीर को स्वस्थ रखने के लिए पाचन तंत्र का स्वस्थ होना बहुत जरूरी है। लेकिन आजकल के गलत खानपान और खराब जीनवशैली के कारण अधिकीटर लोगों को खराब पाचन का सामना करना पड़ रहा है। कई लोगों को खाना खाने के बाद पेट में गैस, ब्लोटिंग, अपच और एसिडिटी जैसी समस्याएं होने लगती हैं। दरअसल, ऐसा कमजोर पाचन के कारण होता है। जब पेट में खाना ठीक तरह से पचता नहीं है, तो कई तरह की पाचन संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। अगर आप भी इस तरह की परेशानियों का सामना कर रहे हैं, तो कुछ योगासनों का अभ्यास आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकता है। आज इस लेख में हम आपको कुछ ऐसे योगासनों के बारे में बताने जा रहे हैं, जिन्हें खाना खाने के बाद करने से भोजन पचाने में मदद मिलती है। तो आइए, जानते हैं इसके बारे में विस्तार से -
इस आसन को करने के लिए जमीन पर घुटनों के बल बैठ जाएं।
इस दौरान अपनी रीढ़ और सिर को सीधा रखें।
अब अपने हाथों को घुटनों पर रखें।
अपनी एड़ियों को एक-दूसरे से थोड़ा अलग रखें।
इसके बाद आंखों को बंद करके सामान्य रूप से सांस लेते रहें।
इस स्थिति में कम से कम दस मिनट तक बैठने की कोशिश करें।
इस आसन को करने के लिए सबसे पहले योगा मैट पर सुखासन में बैठ जाएं।
अब अपने दोनों पैरों को सामने की ओर सीध में खोलकर बैठ जाएं। दोनों एड़ी और पंजे मिले रहेंगे।
अब सांस छोड़ते हुए और आगे की ओर झुकते हुए दोनों हाथों से दोनों पैरों के अंगूठे पकड़ लें।
माथे को घुटनों से लगाएं और दोनों कोहनियों को जमीन पर टिकाएं।
इस मुद्रा में 1-2 मिनट तक रहें।
इसके बाद अपनी प्रारंभिक मुद्रा में लौट आएं।
इस प्रक्रिया को 3-5 बार दोहराएं।
इस आसन को करने के लिए सबसे पहले पीठ के बल लेट जाएं।
अब अपने दोनों पैरों को एक साथ उठाएं और पैरों को घुटनों से मोड़ें।
अब अपने घुटनों को मुंह के पास लाने की कोशिश करें।
इस दौरान आपको अपने दोनों हाथों से पैरों को पकड़ना है।
ऐसा करते समय अपने घुटनों से नाक को छूने की कोशिश करें।
करीब 30 सेकंड तक इस स्थिति में रहें।
इसके बाद सांस छोड़ते हुए प्रारंभिक मुद्रा में आ जाएं।
10 से 15 बार इस योग को दोहराएं।
इस आसन को करने के लिए योगा मैट पर अपने दोनों पैरों को आगे करके बैठ जाएं।
अपने दोनों हाथों को बगल में रखें।
अब अपने बाएं पैर को घुटने से मोड़ें।
इसके बाद, अपने दाएं पैर को घुटने से मोड़ें और बाएं पैर के ऊपर रख दें।
फिर अपने बाएं हाथ को कोहनी से मोड़कर पीठ पर ले जाएं और ऊपर को रखें।
इसी तरह अपने दाएं हाथ को कोहनी से मोड़कर पीछे की तरफ ले जाएं और इससे बाएं हाथ को पकड़ेंहैं।
इस स्थिति में 30 सेकेंड के लिए रहें।
फिर धीरे-धीरे प्रांरभिक अवस्था में लौट आएं।
इस प्रकिया को 3 से 4 बार दोहराएं।
Disclaimer: प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।