
अंजू रावत
अंजू रावत एक अनुभवी हेल्थ, फिटनेस, रिलेशनशिप, ब्यूटी और लाइफस्टाइल लेखक हैं, जिन्हें इन विषयों पर लिखने ... Read More
Written By: Anju Rawat | Updated : May 5, 2026 9:14 PM IST
Medically Verified By: priyanka Singh
yoga for periods pain
yoga asanas for Periods Pain: पीरियड्स के दौरान दर्द होना एक बेहद आम समस्या है। यह दर्द मुख्य रूप से गर्भाशय के सिकुड़ने की वजह से होता है। दरअसल, पीरियड्स के दौरान शरीर में प्रोस्टाग्लैंडिन नामक हार्मोन बढ़ जाता है, जो गर्भाशय की मांसपेशियों को संकुचित करता है, ताकि पुरानी परत बाहर निकल सके। यही संकुचन पेट, कमर और जांघों में दर्द पैदा करता है। कुछ महिलाओं में यह दर्द सामान्य, तो कुछ महिलाओं को काफी तेज दर्द उठता है। दर्द से राहत पाने के लिए कई महिलाएं दर्द निवारक दवाइयों का सेवन करती हैं। जबकि, आप चाहें तो योग की मदद से भी इस दर्द से राहत पा सकती हैं। योगासन शरीर में ब्लड सर्कुलेशन बेहतर करते हैं और मांसपेशियों को रिलैक्स करते हैं, जिससे दर्द कम होता है। आइए, योग एक्सपर्ट प्रियंका सिंह से जानते हैं पीरियड का दर्द कम करने के लिए कौन-से योगासन करने चाहिए?
balasana
अगर आपको पीरियड्स के दौरान तेज दर्द होता है, तो आप बालासन का अभ्यास कर सकते हैं। इस आसान को करने से पेट और लोअर बैक रिलैक्स होता है। इससे ऐंठन कम होती है और दिमाग भी शांत होता है। इसके लिए आप घुटनों के बल बैठ जाएं। पैरों को पीछे की तरफ सीधा रखें। फिर धीरे-धीरे हाथों को आगे लाते हुए झुकें और माथे को जमीन पर टिकाएं। इस अवस्था में कुछ सेकेंड के लिए रुकें और फिर सामान्य अवस्था में आ जाएं।
setubandhasana
पीरियड्स के दौरान दर्द कम करने के लिए सेतुबंधासन कर सकते हैं। यह कमर दर्द कम करता है और पेट-पेल्विक एरिया में ब्लड सर्कुलेशन बढ़ता है। यह मांसपेशियों को मजबूत बनाता है। इससे ऐंठन कम होती है और दर्द में आराम मिलता है। इस आसन को करने के लिए आप योग मैट पर पीठ के बल पर लेट जाएं। घुटनों को मोड़ें और पैरों को जमीन पर टिकाएं। हाथों को शरीर के पास सीधा रखें और हथेलियां नीचे की तरफ रहें। धीरे-धीरे सांस लेते हुए कूल्हों को ऊपर उठाएं। शरीर को कंधों से लेकर घुटनों तक सीधी लाइन में लाने की कोशिश करें। 15–30 सेकंड तक इस स्थिति में रहें और सामान्य सांस लेते रहें। इसे 3–5 बार दोहराएं।
bhujangasana
पीरियड्स के दर्द को कम करने के लिए आप भुजंगासन की प्रैक्टिस कर सकते हैं। इस आसन को करने से पेल्विक एरिया में खिंचाव आता है। गर्भाशय के आस-पास ब्लड फ्लो बढ़ता है और दर्द से राहत मिलती है। इस आसन को करने के लिए पेट के बल लेट जाएं और हथेलियों को कंधों के पास रखें। सांस लेते हुए धीरे-धीरे छाती और कमर को ऊपर की तरफ उठाएं। सांस छोड़े हुए धीरे-धीरे सामान्य अवस्था में आएं और फिर इस प्रक्रिया को 5-6 बार दोहराएं।
pawanmuktasana
पीरियड्स के दर्द से राहत पाने के लिए आप पवनमुक्तासन भी कर सकते हैं। इस आसन को करने से गैस और ब्लोटिंग की समस्या भी कम होती है। इस आसन को करने के लिए सबसे पहले पीठ के बल लेट जाएं। अब दोनों पैरों को मोड़कर घुटनों को सीने तक लाएं। दोनों हाथों से पैरों को इंटरलॉक कर लें। अब सांस लेते समय कमर को थोड़ा ऊपर उठाएं और फिर शरीर को सामान्य अवस्था में ले आएं।
titli asana
अगर आपको पीरियड्स के दौरान तेज दर्द का अनुभव होता है, तो तितली आसन को करना फायदेमंद हो सकता है। इस आसन को करने से पेल्विक एरिया में ब्लड सर्कुलेशन बढ़ता है। इससे मांसपेशियां रिलैक्स होती है और ऐंठन भी कम होती है। इस आसन को करने के लिए जमीन पर सीधा बैठें और दोनों पैरों को सामने फैलाएं। दोनों पैरों को मोड़कर उनके तलवों को आपस में मिलाएं। एड़ियों को जितना हो सके शरीर के पास लाएं। दोनों हाथों से पैरों को पकड़ें और रीढ़ को सीधा रखें। अब घुटनों को धीरे-धीरे ऊपर-नीचे हिलाएं, जैसे तितली के पंख फड़फड़ा रहे हों। ऐसा 1–2 मिनट तक करें और इस दौरान सांस सामान्य रखें।
Disclaimer: पीरियड के दिनों में दर्द होना बेहद आम है। ज्यादातर लड़कियों और महिलाओं को इस दर्द का अनुभव होात है। इस दर्द से राहत पाने के लिए आप ऊपर बताए गए योगासन कर सकते हैं। इससे मांसपेशियां रिलैक्स होती हैं और दर्द में आराम मिलता है। लेकिन, किसी भी योगासन को शुरुआत में एक्सपर्ट की देखरेख में ही करें। वहीं, अगर पीरियड्स के दौरान गंभीर दर्द होता है तो डॉक्टर से जरूर मिलें।