Add The Health Site as a
Preferred Source
Add The Health Site as a Preferred Source

स्टैमिना बढ़ाने के लिए रोज सुबह करें 4 योगासन, दिनभर नहीं महसूस होगी थकान और सुस्ती

Yoga For Stamina: कुछ योगासनों के नियमित अभ्यास से स्टैमिना बढ़ाने में मदद मिल सकती है। आइए, जानते हैं इनके बारे में -

स्टैमिना बढ़ाने के लिए रोज सुबह करें 4 योगासन, दिनभर नहीं महसूस होगी थकान और सुस्ती

Written by priya mishra |Updated : March 6, 2024 7:31 AM IST

Yoga Poses For Stamina: क्या आप थोड़ा सा काम करने के बाद बहुत जल्दी थक जाते हैं और आपकी सांस भी फूलने लगती है? यदि हां, तो इसका मतलब आपका स्टैमिना कमजोर है। स्टैमिना की कमी के कारण व्यक्ति की शारीरिक और मानसिक रूप से काम करने की क्षमता प्रभावित होती है। अगर आपने स्टैमिना बूस्ट करने के लिए तरह-तरह के फूड्स और सप्लीमेंट ट्राई करके देख लिए हैं, तो आपको कुछ योगासानों को अपनी दिनचर्या मे शामिल करने की आवश्यकता है। जी हां, आज हम आपको ऐसे 4 योगासनों के बारे मे बताने जा रहे हैं, जो आपके स्टैमिना बढ़ाने में मदद कर सकते हैं।

नौकासन

इस आसन को करने के लिए सबसे पहले योगा मैट पर बैठ जाएं।

अब अपनी टांगो को सामने की तरफ फैलाएं।

Also Read

More News

अपने दोनों हाथों को हिप्स से थोड़ा पीछे जमीन पर रखें।

अब दोनों पैरों को सीधा रखते हुए ऊपर की तरफ उठाएं।

अब धीरे-धीरे सांस को बाहर की तरफ छोड़ते हुए पैरों को जमीन से 45 डिग्री तक उठाएं।

सांस लेते हुए नाव के आकार में लगभग 10 से 20 सेकंड तक रहें।

इसके बाद धीरे-धीरे सांस छोड़ते हुए सामान्य मुद्रा में आएं।

इस प्रक्रिया को आप 3 से 5 बार दोहराएं।

वीरभद्रासन

इस आसन को करने के लिए सबसे पहले योगा मैट पर सीधे खड़े हो जाएं।

अब अपने दोनों पैरों को फैलाएं। पैरों के बीच 2-3 फीट की दूरी रखें।

फिर अपने सीधे पैर को आगे लेकर आए और उल्टेे पर को पीछे की ओर स्ट्रेेच करें।

इस दौरान हाथों को 180 डिग्री पर फैला कर रखें।

इस अवस्था में 30-60 सेकेंड तक रुकें।

फिर प्रारंभिक मुद्रा में आ जाएं।

इस प्रक्रिया को 3-5 बार दोहराएं।

बालासन

इस योगासन को करने के लिए सबसे पहले योगा मैट पर घुटनों के बल बैठ जाएं।

अपने शरीर का सारा भार एड़ियों पर डाल दें।

अब गहरी सांस भरते हुए आगे की ओर झुकें। ध्यान रहे कि आपका सीना जांघों से छूना चाहिए।

फिर अपने माथे से फर्श को छूने की कोशिश करें।

कुछ सेकंड तक इस स्थिति में रहने के बाद वापस सामान्य अवस्था  में आ जाएं।

आप इस प्रक्रिया को 3-5 बार कर सकते हैं।

उष्ट्रासन

इस आसन को करने के लिए जमीन पर घुटने के बल बैठ जाएं और दोनों हाथों को कूल्हों पर रखें।

ध्यान रखें कि दोनों घुटने आपके कंधों के समानांतर हों।

अब गहरी सांस लें और रीढ़ की निचली हड्डी पर आगे की तरफ दबाव डालें।

इस दौरान पूरा दबाव नाभि पर महसूस होना चाहिए।

इसके बाद अपने हाथों से पैरों को पकड़ें और कमर को पीछे की तरफ मोड़ें।।

इस स्थिति में 30-60 सेकेंड रुकने के बाद आप धीरे-धीरे सामान्य स्थिति में आ सकते हैं।

Add The HealthSite as a Preferred Source Add The Health Site as a Preferred Source

इस प्रक्रिया को 3-5 बार दोहराएं।