
प्रिया मिश्रा
प्रिया को पिछले 4 सालों से हेल्थ और लाइफस्टाइल विषयों पर लिखने का अनुभव है। इन्हें हेल्थ और ... Read More
Written By: priya mishra | Published : September 5, 2024 7:50 PM IST
Yoga Poses For Back Pain: पीठ दर्द की समस्या से आजकल काफी लोग परेशान रहते हैं। लगातार लंबे समय तक एक ही जगह बैठे रहने या गलत पॉश्चर की वजह से पीठ दर्द की समस्या हो सकती है। इससे राहत पाने के लिए लोग दवाओं का सेवन करते हैं। लेकिन इन दवाओं के शरीर पर दुष्प्रभाव भी पड़ते हैं। ऐसे में, आप चाहें तो इस समस्या से छुटकारा पाने के लिए कुछ योगासनों का अभ्यास कर सकते हैं। आज इस लेख में हम आपको कुछ ऐसे योगासनों के बारे में बताने जा रहे हैं, जो पीठ दर्द को दूर करने में असरदार हो सकते हैं। (Best Yoga For Back Pain In Hindi)।
इस योगासन को करने के लिए जमीन पर सीधे खड़े हो जाएं।
इस दौरान अपनी कमर को सीधा रखें और आपके पैर आपस में जुड़े होने चाहिए।
अब हाथ जोड़ने की मुद्रा में खड़े हो जाएं और धीरे-धीरे अपने हाथों को ऊपर की ओर ले जाएं।
अब अपनी एड़ियों पर उठने की कोशिश करें और शरीर का भार अपने निचले हिस्से पर डालें।
कुछ सेकंड तक इस स्थिति में रहने के बाद वापस सामान्य अवस्था में आ जाएं।
इस प्रक्रिया को 10-15 बार दोहराएं।
इस आसन को करने के लिए योगा मैट पर पेट के बल लेट जाएं।
अपनी कोहनियों को कमर से सटा के रखें और हथेलियां ऊपर की ओर रखें।
अब धीरे-धीरे सांस भरते हुए, अपनी छाती को ऊपर की ओर उठाएं।
उसके बाद अपने पेट को धीरे-धीरे ऊपर उठा लें। इस स्थिति में 30 सेकंड तक रहें।
अब सांस छोड़ते हुए, सिर को धीरे-धीरे जमीन की ओर नीचे लाएं।
इस प्रक्रिया को आप 3 से 5 बार दोहराएं।
इस आसन को करने के लिए जमीन पर घुटने के बल बैठ जाएं और दोनों हाथों को कूल्हों पर रखें।
ध्यान रखें कि दोनों घुटने आपके कंधों के समानांतर हों।
अब गहरी सांस लें और रीढ़ की निचली हड्डी पर आगे की तरफ दबाव डालें।
इस दौरान पूरा दबाव नाभि पर महसूस होना चाहिए।
इसके बाद अपने हाथों से पैरों को पकड़ें और कमर को पीछे की तरफ मोड़ें।
इस स्थिति में 30-60 सेकंड रुकने के बाद आप धीरे-धीरे सामान्य स्थिति में आ सकते हैं।
आप इस आसन को 3-5 बार दोहरा सकती हैं।
Disclaimer: हमारे लेखों में साझा की गई जानकारी केवल इंफॉर्मेशनल उद्देश्यों से शेयर की जा रही है इन्हें डॉक्टर की सलाह के रूप में नहीं माना जाना चाहिए। किसी भी बीमारी या विशिष्ट हेल्थ कंडीशन के लिए स्पेशलिस्ट से परामर्श लेना अनिवार्य होना चाहिए। डॉक्टर/एक्सपर्ट की सलाह के आधार पर ही इलाज की प्रक्रिया शुरु की जानी चाहिए।