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Written By: akhilesh dwivedi | Published : September 25, 2018 12:18 AM IST
उत्कटासन करने की विधि और लाभ। © Shutterstock
दिन में अगर आप कोई कसरत नहीं कर पाते हैं तो आपको उत्कटासन जरूर करना चाहिए। यह आसन आपके पूरे शरीर को एक्सरसाइज करा देता है। योग में उत्कटासन एक तरह से सूर्य नमस्कार का ही अंग है। उत्कटासन का अर्थ होता है शक्तिशाली आसन जिससे पता चलता है कि इसे करने शरीर शक्तिशाली बनता है। उत्कटासन करने वाले इंसान के पैर और पेट के हिस्से मजबूत होते हैं। कमर में अगर दर्द रहता है तो इस आसन के करने से कमर दर्द की समस्या दूर होती है। इसके करने के लिए आपको कुर्सी में बैठने की क्रिया को ही करना है लेकिन हाथ की मुद्रा बदलती रहेगी। आइए जानते हैं उत्कटासन करने की विधि और लाभ। यह भी पढ़ेंः बांझपन को दूर करता है यह योगासन, जानें कैसे करें।
उत्कटासन करने की विधि
उत्कटासन करने के लाभ
टांगों की मसल्स को टोन करने में मदद करता है। हिप फ्लैक्सर्स, टखनों, काफ मसल्स और कमर को मजबूत करता है। सीने और कंधों को स्ट्रेच करने में मदद करता है। फ्लैट पैरों को ठीक करने में मदद करता है। इस योगासन का अभ्यास करने से हार्ट रेट बढ़ता है, सर्कुलेटरी और मेटाबॉलिक सिस्टम बेहतर तरीके से काम करता है।
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उत्कटासन स्टेमिना और क्षमता को बढ़ाता है। उत्कटासन का अभ्यास करने से एब्डोमिनल मसल्स को उत्तेजित करने में मदद मिलती है। शारीरिक संतुलन बढ़ाने में मदद करता है। नियमित अभ्यास करने से आपको वजन कम करने में मदद मिलती है।