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Vaginal Hygiene: महिलाओं को प्राइवेट हाइजीन को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए, अगर इसके बारे में सही जानकारी न हो तो बिना झिझक के एक्सपर्ट से सलाह लेनी चाहिए नहीं तो कुछ बीमारियां शरीर के अंदर धीरे-धीरे पैदा लगती हैं जिसका पता भी नहीं चलता और ये बीमारियां साइलेंट किलर की तरह काम कर सकती हैं. इसलिए एक्सपर्ट भी वजाइनल हाइजीन का ध्यान रखने पर जोर देते हैं।
जान लेते हैं वजाइनल हाइजीन का ध्यान ना रखने पर क्या समस्याएं हो सकती हैं।
यूटीआई इंफेक्शन का खतरा
पर्सनल हाइजीन में लापरवाही बरतने से यूटीआई (यूरिनरी ट्रेक्ट इंफेक्शन) इंफेक्शन हो सकता है. महिलाओं में ये समस्या ज्यादा देखने में आती है. अगर वक्त रहते इस पर ध्यान न दिया जाए तो ये इंफेक्शन किडनी तक पहुंच सकता है।
सर्वाइकल कैंसर का रिस्क
महिलाओं में होने वाले सबसे आम कैंसर टाइप में से एक है सर्वाइकल कैंसर. विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट कहती है कि सर्वाइकल कैंसर के 25 प्रतिशत केस भारत में होते हैं. सबसे जोखिम वाली बात ये होती है कि इस कैंसर के ज्यादातर मामलों में आखिरी स्टेज पर आकर पता चलता है, क्योंकि महिलाएं इससे जुड़े लक्षणों को नजर अंदाज कर देती हैं और ये बीमारी शरीर में लंबे समय तक बढ़ती रहती है.
ऐसे रखें पर्सनल हाइजीन का ध्यान
सबसे सामान्य टिप्स ये है कि अंडरगारमेंट की साफ सफाई का खास ध्यान रखें. पीरियड्स के दौरान खासतौर पर हाइजीन मेंटेन रखें, इसके लिए 4 से 6 घंटे के गैप पर पैड बदलते रहना चाहिए. वहीं प्यूबिक हेयर को समय-समय पर ट्रिम करती रहें.
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