नाइट शिफ्ट से बढ़ता कैंसर का रिस्क? जानें क्या है सच?

रात को जागना आज की लाइफस्टाइल बन चुका है, लेकिन इसके असर सिर्फ अगली सुबह की थकान तक सीमित नहीं होते। शरीर के अंदर क्या साइलेंट बदलाव शुरू होते हैं, जानकर आप चौंक सकते हैं।

WrittenBy

Published by: Lakshmi Sharma | Published : January 12, 2026 5:22 PM IST

Night Shifts Causing Cancer:रात 2 बजे लैपटॉप खुला है, फोन लगातार स्क्रॉल हो रहा है… और नींद? वो तो अब “weekend plan” बन चुकी है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि यही late-night routine धीरे-धीरे शरीर के अंदर एक dangerous chain reaction शुरू कर देता है? एक्सपर्ट्स के मुताबिक, देर रात तक जागना सीधे तौर पर cancer risk से जुड़ा हुआ है। यही वजह है कि WHO ने night shift work को “probable cancer risk” की category में रखा है। रिसर्च बताती है कि लंबे समय तक night shift करने वालों में कैंसर का खतरा ज्यादा देखा गया है।

असल में जब हम रात को नहीं सोते, तो शरीर की biological clock यानी circadian rhythm पूरी तरह disturb हो जाती है। इसी clock के हिसाब से शरीर एक बेहद जरूरी hormone बनाता है   Melatonin। यही hormone हमारी immunity को strong रखता है और cells को damage से बचाने में मदद करता है। जब melatonin का level गिरता है, तो शरीर की natural defence कमजोर होने लगती है, जो आगे चलकर serious health problems की वजह बन सकती है।

Related Videos

Related News