What is IVF: IVF यानी इन विट्रो फर्टिलाइजेशन एक ऐसी तकनीक है, जिसमें महिला के एग (अंडाणु) और पुरुष के स्पर्म को लैब में मिलाया जाता है। जब ये सफलतापूर्वक फर्टिलाइज हो जाता है, तो इसे कुछ दिनों तक लैब में ग्रो करने दिया जाता है और फिर महिला के यूट्रस (गर्भाशय) में ट्रांसफर कर दिया जाता है। इस पूरी प्रक्रिया में हार्मोनल इंजेक्शन, अंडाणु निकालने (एग रिट्रीवल), फर्टिलाइजेशन और एम्ब्रियो ट्रांसफर जैसी स्टेप्स शामिल होती हैं। आमतौर पर ये ट्रीटमेंट उन कपल्स के लिए किया जाता है, जिन्हें नेचुरली कंसीव करने में दिक्कत हो रही होती है, जैसे कि पीसीओडी, एंडोमेट्रियोसिस, ट्यूब्स ब्लॉक होना या फिर अनएक्सप्लेंड इनफर्टिलिटी के मामले।
क्या हर कोई IVF Afford कर सकता है?
गाइनोकॉलजिस्ट डॉ. मनन गुप्ता के मुताबिक, "IVF एक महंगा ट्रीटमेंट है और इसे हर कोई आसानी से अफोर्ड नहीं कर सकता। इसकी एक साइकिल का खर्च 1.5 लाख से 3 लाख रुपये तक आता है और कई बार एक से ज्यादा साइकिल की जरूरत पड़ सकती है। हालांकि, अब कुछ सरकारी हॉस्पिटल्स और हेल्थ स्कीम्स इसे सस्ता करने की कोशिश कर रही हैं, लेकिन प्राइवेट क्लीनिक्स में ये अभी भी काफी महंगा है।" इसके अलावा, हर किसी के लिए IVF सक्सेसफुल होगा, इसकी भी कोई गारंटी नहीं होती। इसीलिए कपल्स को पहले अच्छे से काउंसलिंग करवानी चाहिए और ये समझना चाहिए कि ये सिर्फ एक ऑप्शन है, कोई 100% गारंटीड सॉल्यूशन नहीं।