KP.2 और KP.1.1 वेरिएंट क्या है? भारत में कितना हो सकता है खतरनाक
What is KP.2 and KP.1.1 variants : अमेरिका में KP.2 और KP 1.1 तेजी से फैल रहा है। आइए जानते हैं क्या है KP 1.1 और KP.2 और भारत में फैलने की क्या है संभावना?
What is KP.2 and KP.1.1 variants : अमेरिका में KP.2 और KP 1.1 तेजी से फैल रहा है। आइए जानते हैं क्या है KP 1.1 और KP.2 और भारत में फैलने की क्या है संभावना?
यूनिवर्सिटी ऑफ मैनचेस्टर एंड लीसेस्टर ने ब्रिटेन के 38 संस्थानों में भर्ती मरीजों के ऊपर ये स्टडी की, जिसे द लांसेट रेस्पिरेटरी मेडिसिन में प्रकाशित किया गया है।
World No-Tobacco Day 2022: विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा हर साल 31 मई को 'वर्ल्ड नो टोबैको डे' के रूप में मनाया जाता है। यह दिन तंबाकू छोड़ने का संदेश देता है, जोकि वर्तमान में कोरोना महामारी के समय में महत्वपूर्ण महत्व रखता है।
लैसेंट में प्रकाशित एक नयी स्टडी के अनुसार, कोविड से अस्पताल में भर्ती होने वाले लोगों में डिप्रेशन की संभावना अधिक देखी गयी।
कोविड संक्रमण से जुड़े अपने अनुभवों के बारे में अभिनेत्री ने कहा कि यह उनके जीवन का एक बहुत मुश्किल दौर रहा। (Deepika Padukone On Covid Infection )
एक शोध में यह बात सामने आई है कि जिन लोगों को कोरोना से ठीक हुए एक वर्ष हो चुका है, लेकिन अधिक शारीरिक गतिविधियों के दौरान सांस लेने संबंधी दिक्क्तें महसूस होती हैं, उनमें दिल की बीमारियों का खतरा अधिक होता है।
कोरोना की दूसरी लहर के दौरान मीडिया रिपोर्ट्स में भले ही ऑक्सीजन की कमी से हजारों की संख्या में लोगों ने दम तोड़ा हो, मगर इस बात को किसी भी राज्य सरकार ने स्वीकार नहीं किया है।
Delhi Covid-19 News Update: दिल्ली में कोरोनावायरस के नए मामलों में कमी आने के साथ पिछले 5 दिनों में एक भी मौत नहीं हुई है।
Coronavirus Live Update in Hindi : कोविड-19 इंफेक्शन से जुड़ी ताजा जानकारी और लाइव अपडेट्स के लिए हमसें जुड़ें।
विश्व स्वास्थ्य संगठन का कहना है कि, कोरोनावायरस संक्रमण की गति थोड़ी धीमी जरूर हुई है मगर इसका खतरा लंबे समय तक बरकरार रहने वाला है।
कोरोनावायरस संक्रमण में कमी आने के साथ अगर आपको यह लगता है कि आप कोरोना से मुक्त हो चुके हैं तो यह आपकी गलतफहमी हो सकती हैं। क्योंकि वैज्ञानिकों का मानना है कि आने वाले दिनों में कोरोना का सुपर वेरिएंट आ सकता है।
World Breastfeeding week 2021: प्रेगनेंसी में कोरोना का संक्रमण के कारण डिलीवरी में भी तमाम तरह की दिक्कतें आती हैं। साथ ही स्तनपान कराने के लिए भी बहुत ज्यादा सावधानी बरतनी पड़ती है।
कहीं आप कोविड 19 के लक्षणों को अस्थमा के लक्षण सोच कर तो अनदेखा नहीं कर रहे। कोविड और अस्थमा अटैक में क्या है समानता जानना जरूरी है।
WHO के अनुसार, अगर आपको इस समय खुश रहना है और तनाव से बच कर रहना चाहते हैं तो अपने रोजाना के रूटीन को एक जैसा रखें और उसका पालन करें।
कोरोना पेशेंट के लिए फेरिटिन टेस्ट जरूरी होता है। यह आपके शरीर में आयरन के स्तर को बताता है, जिसके माध्यम से कोरोना के खतरों का पता लगाया जाता है।
Children Mental Health Covid: लॉकडाउन में घर में कैद रहकर बच्चों के बर्ताव में काफी नकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहा है। यह उनके खराब मानसिक स्वास्थ्य को दर्शाता है। बच्चों के मेंटल हेल्थ की देखभाल के लिए पढ़ें एक्सपर्ट की ये 5 सलाह।
ऐसे में डॉ. प्रवीण गुप्ता ने सलाह दी कि किसी भी फ्लू के लक्षणों को नजरअंदाज न करें, लक्षणों का पता चलते ही खुद को जल्द से जल्द आइसोलेट करें और डॉक्टर की सलाह लें, मास्क पहने, शारीरिक दूरी बनाए रखें।
कोविड-19 में स्वयंसेवक के रूप में सेवा करने वाले लोगों को प्रति दिन प्रचलित एनएचएम दर से 25 फीसद अतिरिक्त मानदेय मिलेगा।
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यूनिवर्सिटी ऑफ मैनचेस्टर एंड लीसेस्टर ने ब्रिटेन के 38 संस्थानों में भर्ती मरीजों के ऊपर ये स्टडी की, जिसे द लांसेट रेस्पिरेटरी मेडिसिन में प्रकाशित किया गया है।
World No-Tobacco Day 2022: विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा हर साल 31 मई को 'वर्ल्ड नो टोबैको डे' के रूप में मनाया जाता है। यह दिन तंबाकू छोड़ने का संदेश देता है, जोकि वर्तमान में कोरोना महामारी के समय में महत्वपूर्ण महत्व रखता है।
लैसेंट में प्रकाशित एक नयी स्टडी के अनुसार, कोविड से अस्पताल में भर्ती होने वाले लोगों में डिप्रेशन की संभावना अधिक देखी गयी।
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कोरोना की दूसरी लहर के दौरान मीडिया रिपोर्ट्स में भले ही ऑक्सीजन की कमी से हजारों की संख्या में लोगों ने दम तोड़ा हो, मगर इस बात को किसी भी राज्य सरकार ने स्वीकार नहीं किया है।
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विश्व स्वास्थ्य संगठन का कहना है कि, कोरोनावायरस संक्रमण की गति थोड़ी धीमी जरूर हुई है मगर इसका खतरा लंबे समय तक बरकरार रहने वाला है।
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WHO के अनुसार, अगर आपको इस समय खुश रहना है और तनाव से बच कर रहना चाहते हैं तो अपने रोजाना के रूटीन को एक जैसा रखें और उसका पालन करें।
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ऐसे में डॉ. प्रवीण गुप्ता ने सलाह दी कि किसी भी फ्लू के लक्षणों को नजरअंदाज न करें, लक्षणों का पता चलते ही खुद को जल्द से जल्द आइसोलेट करें और डॉक्टर की सलाह लें, मास्क पहने, शारीरिक दूरी बनाए रखें।
कोविड-19 में स्वयंसेवक के रूप में सेवा करने वाले लोगों को प्रति दिन प्रचलित एनएचएम दर से 25 फीसद अतिरिक्त मानदेय मिलेगा।
पंडित राजन मिश्र के देहांत की ख़बर सुनते ही उनके फैंस में दुख की लहर ही। वहीं, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ( PM Narendra Modi) ने भी पद्मश्री राजन मिश्र के देहांत पर दुख प्रकट किया है। (Pandit Rajan Mishra Death )
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डॉक्टर मीनाक्षी बनर्जी (सीनियर कंसल्टेंट, मधुकर रैंबो चिल्ड्रेंस हॉस्पिटल) से जानिए कोरोना महामारी में गर्भवती महिलाएं खुद का ध्यान कैसे रखें।