35+ महिलाएं हर साल जरूर कराएं ये 5 टेस्ट, समय से पता चलेगा सेहत का हाल
Test for Women: 35 साल की उम्र के बाद महिलाओं के शरीर में बदलाव आने लगते हैं। इसलिए इस उम्र के बाद महिलाओं को हर साल कुछ टेस्ट जरूर कराने चाहिए।
Test for Women: 35 साल की उम्र के बाद महिलाओं के शरीर में बदलाव आने लगते हैं। इसलिए इस उम्र के बाद महिलाओं को हर साल कुछ टेस्ट जरूर कराने चाहिए।
पुरुषों को हर साल 5 टेस्ट जरूर कराने चाहिए। इससे उन्हें हेल्थ अपडेट मिलेगी और कोई दिक्कत होगी, तो समय पर इलाज संभव हो पाएगा।
40 की उम्र के बाद प्रेग्नेंसी के दौरान जटिलताएं बढ़ सकती हैं। इसलिए सेहत की जानकारी लेने के लिए कंसीव करने से पहले कुछ टेस्ट जरूर करा लेने चाहिए।
Glucometer Mistake: डायबिटीज की घर पर जांच करने की मशीन जिसे ग्लूकोमीटर कहा जाता है, काफी सुविधाजनक होती है, लेकिन इसका इस्तेमाल करते समय छोटी सी गलती रिडिंग खराब कर सकती है।
How To Check Blood Sugar: क्या जब भी आप घर पर ब्लड शुगर का टेस्ट करते हैं तो वो गलत दिखाता है? अगर हां तो इसका मतलब है कि आपके टेस्ट करने का तरीका सही नहीं है। कहीं आप भी तो ये 3 गलतियां नहीं कर रहे?
यदि आपको अपना शुगर लेवल चेक करने के लिए बार-बार खून की बूंद निकालनी पड़ती है तो आज हम CGM तकनीक के बारे में बताने जा रहे हैं। जो आपके इस काम को बेहद आसान बना सकती है।
गौतमबुद्ध नगर (नोएडा-ग्रेटर नोएडा) में 50 साइटों पर 10 हज़ार लोगों के टेस्ट करने का लक्ष्य रखा गया है। यह देश में किया जाने वाला अपने आप में पहला आयोजन होगा।
भारतीय शोधकर्ताओं ने डायबिटीज रोगियों के लिए एक ऐसी खोज की है, जिसके माध्यम से अब शुगर कंट्रोल करना आसान हो जायेगा।
डॉक्टर्स सलाह देते हैं कि ब्लड टेस्ट (Blood Test) को सुबह जितनी जल्दी हो उतनी जल्दी कराने की कोशिश करनी चाहिए।
मोटापा, हाई ब्लड प्रेशर, आदि ऐसे रोग हैं जो डायबिटीज का जोखिम बढ़ाते हैं, और डायबिटीज एक ऐसा रोग है जिसके परिणामस्वरूप हृदय रोग, किडनी फेलियर या किडनी की समस्या, आंखों की रौशनी पर प्रतिकूल प्रभाव आदि रोगों का जोखिम होता है।
तनावपूर्ण स्थितियों के दौरान आपका इंसुलिन का स्तर गिरता है और तनाव हार्मोन का स्तर बढ़ जाता है। इससे आपके इंसुलिन के लिए उस तरह से काम करना कठिन हो जाता है जैसे उसे करना चाहिए। यह सब आपके ब्लड शुगर को बढ़ा सकता है। ये 5 टिप्स टेंशन के दौरान आपका ब्लड शुगर लेवल कंट्रोल करने में मदद करेंगे।
आधुनिक समय में ब्लड शुगर लेवल की जांच करना बहुत ही आसान हो गया है। आजकल ज्यादातर लोग पोर्टेबल ब्लड ग्लूकोज मीटर के द्वारा ब्लड शुगर की जांच करते हैं, जो काफी आसान है। आइए आज इस लेख के माध्यम से जानते हैं कि ब्लड शुगर की जांच कब और कैसे (Blood Sugar Test ) की जाती है?
लगातार जांच रक्त में शर्करा की मात्रा को कम करने का सुरक्षित और असरदार तरीका है। यह नया शोध उपयोगकर्ताओं को दिनभर अपने ग्लूकोज स्तर की पूरी जानकारी और गंभीर हाइपोग्लाइसीमिया से बचने में मदद करेगा।
पुरुषों को हर साल 5 टेस्ट जरूर कराने चाहिए। इससे उन्हें हेल्थ अपडेट मिलेगी और कोई दिक्कत होगी, तो समय पर इलाज संभव हो पाएगा।
40 की उम्र के बाद प्रेग्नेंसी के दौरान जटिलताएं बढ़ सकती हैं। इसलिए सेहत की जानकारी लेने के लिए कंसीव करने से पहले कुछ टेस्ट जरूर करा लेने चाहिए।
Glucometer Mistake: डायबिटीज की घर पर जांच करने की मशीन जिसे ग्लूकोमीटर कहा जाता है, काफी सुविधाजनक होती है, लेकिन इसका इस्तेमाल करते समय छोटी सी गलती रिडिंग खराब कर सकती है।
यदि आपको अपना शुगर लेवल चेक करने के लिए बार-बार खून की बूंद निकालनी पड़ती है तो आज हम CGM तकनीक के बारे में बताने जा रहे हैं। जो आपके इस काम को बेहद आसान बना सकती है।
गौतमबुद्ध नगर (नोएडा-ग्रेटर नोएडा) में 50 साइटों पर 10 हज़ार लोगों के टेस्ट करने का लक्ष्य रखा गया है। यह देश में किया जाने वाला अपने आप में पहला आयोजन होगा।
भारतीय शोधकर्ताओं ने डायबिटीज रोगियों के लिए एक ऐसी खोज की है, जिसके माध्यम से अब शुगर कंट्रोल करना आसान हो जायेगा।
डॉक्टर्स सलाह देते हैं कि ब्लड टेस्ट (Blood Test) को सुबह जितनी जल्दी हो उतनी जल्दी कराने की कोशिश करनी चाहिए।
मोटापा, हाई ब्लड प्रेशर, आदि ऐसे रोग हैं जो डायबिटीज का जोखिम बढ़ाते हैं, और डायबिटीज एक ऐसा रोग है जिसके परिणामस्वरूप हृदय रोग, किडनी फेलियर या किडनी की समस्या, आंखों की रौशनी पर प्रतिकूल प्रभाव आदि रोगों का जोखिम होता है।
तनावपूर्ण स्थितियों के दौरान आपका इंसुलिन का स्तर गिरता है और तनाव हार्मोन का स्तर बढ़ जाता है। इससे आपके इंसुलिन के लिए उस तरह से काम करना कठिन हो जाता है जैसे उसे करना चाहिए। यह सब आपके ब्लड शुगर को बढ़ा सकता है। ये 5 टिप्स टेंशन के दौरान आपका ब्लड शुगर लेवल कंट्रोल करने में मदद करेंगे।
आधुनिक समय में ब्लड शुगर लेवल की जांच करना बहुत ही आसान हो गया है। आजकल ज्यादातर लोग पोर्टेबल ब्लड ग्लूकोज मीटर के द्वारा ब्लड शुगर की जांच करते हैं, जो काफी आसान है। आइए आज इस लेख के माध्यम से जानते हैं कि ब्लड शुगर की जांच कब और कैसे (Blood Sugar Test ) की जाती है?
लगातार जांच रक्त में शर्करा की मात्रा को कम करने का सुरक्षित और असरदार तरीका है। यह नया शोध उपयोगकर्ताओं को दिनभर अपने ग्लूकोज स्तर की पूरी जानकारी और गंभीर हाइपोग्लाइसीमिया से बचने में मदद करेगा।
Test for Women: 35 साल की उम्र के बाद महिलाओं के शरीर में बदलाव आने लगते हैं। इसलिए इस उम्र के बाद महिलाओं को हर साल कुछ टेस्ट जरूर कराने चाहिए।
How To Check Blood Sugar: क्या जब भी आप घर पर ब्लड शुगर का टेस्ट करते हैं तो वो गलत दिखाता है? अगर हां तो इसका मतलब है कि आपके टेस्ट करने का तरीका सही नहीं है। कहीं आप भी तो ये 3 गलतियां नहीं कर रहे?