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खर्राटों से आपकी नींद हराम हो रही है तो मुंह और जीभ का एक साधारण व्यायाम इस समस्या से छुटकारा दिलाने में मददगार साबित होगा। © Shutterstock
अगर आपके खर्राटे से आपके पार्टनर की नींद हराम हो रही है तो मुंह और जीभ का एक साधारण व्यायाम आपको इस समस्या से छुटकारा दिलाने में मददगार साबित हो सकता है। एक शोध के अनुसार, ये व्यायाम खर्राटे और उससे उत्पन्न होने वाली तेज आवाज को 36 और 59 फीसदी तक कम कर सकता है।
यह शोध अमेरिका के युनिवर्सिटी ऑफ केंटकी कॉलेज ऑफ मेडिसिन में किया गया। इस शोध के शोधकर्ता के अनुसार, यह अध्ययन इस समस्या से जूझ रही एक बड़ी आबादी के लिए उम्दा और सर्जरी रहित उपचार की दिशा में एक बड़ा कदम हो सकता है। सोते समय खर्राटा लेते हैं, तो ऐसे लोग अपनी जीभ के अगले सिरे को तालू की ओर दबाएं। फिर जीभ को वापस खींच लें। इस प्रक्रिया को दोहराएं। उसके बाद जीभ के अगले हिस्से को मुंह के निचले हिस्से तथा अगले दांत से स्पर्श कराते हुए जीभ के पिछले हिस्से को तालू की ओर दबाएं और ‘ए’ का उच्चारण करते हुए तालू तथा अलिजिह्वा (उवुला) को ऊपर उठाएं। शोध में इस व्यायाम को खर्राटे कम करने वाला बताया गया है। यह अध्ययन खर्राटे से पीड़ित 39 मरीजों पर किया गया। अध्ययन के दौरान मरीजों पर इसका बेहद सकारात्मक असर देखा गया।
खर्राटे रोकने के बेजोड़ 5 घरेलू नुस्खे, आज से शुरू कर दें इनका इस्तेमाल करना
- ज्यादा भोजन करने से बचें, खासकर रात में सोते समय। बेहतर होगा कि आप भोजन करने के बाद थोड़ा टहलें और फिर सोने जाएं। इससे खाने को पचने में आसानी होगी। रात को कम भोजन करना खर्राटे की समस्या को रोक सकता है।
- शहद खर्राटे को रोकने में काफी असरदार होता है। शहद में एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटी-माइक्रोबियल गुण पाया जाता है, जो हवा के मार्ग में किसी तरह की बाधा को दूर करता है। यह आपके गले को फूलने से भी बचाएगा।
- प्रत्येक व्यक्ति के लिए एक ही तरीके का उपचार सही नहीं होता। यह व्यक्ति के लक्षणों पर निर्भर करता है। खर्राटे आने के कारणों का पता लगाने के बाद ही उपचार सुझाया जाता है। तालू के मुलायम टिश्यू को कसाव देने के लिए एक सजर्री की जाती है, जिसे सोम्नोप्लास्टी कहते हैं। इसमें रेडियोफ्रिक्वेंसी एब्लेशन का उपयोग किया जाता है। यह सर्जरी सामान्य एनिस्थीसिया देकर की जाती है। इस उपचार के बाद 77 फीसदी मामलों में खर्राटे आने की समस्या लगभग खत्म हो जाती है।
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