Don’t Miss Out on the Latest Updates.
Subscribe to Our Newsletter Today!
- लेटेस्ट
- डिज़ीज़
- डाइट
- फिटनेस
- ब्यूटी
- घरेलू नुस्खे
- वीडियो
- पुरुष स्वास्थ्य
- मेंटल हेल्थ
- सेक्सुअल हेल्थ
- फोटो स्टोरी
- आयुष
- पेरेंटिंग
- न्यूज
आज हार्ट अटैक और हार्ट स्ट्रोक मामले काफी तेजी से बढ़ते जा रहे हैं। हार्ट अटैक या हार्ट स्ट्रोक ये दोनों ही प्राणघातक स्थितियां होती हैं। जिनका सामना यदि किसी को करना पड़ जाए तो उसे आपात चिकित्सा का सहारा लेना ही पड़ता है। इसके बाद भी यदि समाधान ठीक से न किया जाए तो व्यक्ति की मौत भी हो सकती है। दिल का दौरा पड़ने के कारण की बात करें तो जब दिल में रक्त का संचार बाधित हो जाता है तो इससे हार्ट अटैक आ जाता है। इसके अलावा ब्रेन स्ट्रोक वह कंडीशन है जब हमारे दिमाग में ऑक्सीजन की सप्लाई बाधित हो जाती है। इन प्राणघातक स्थितियों से बचने के लिए डॉक्टर अपने आहार के समय में बदलाव करने की सलाह देते हैं।
हाल ही में हुए एक शोध में ये बात सामने आई है कि यदि हम अपने भोजन के समय में कुछ बदलाव कर दें तो इन प्राणघातक बीमारियों के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है। शोध की जारी हुई रिपोर्ट में ये बताया गया है कि जो लोग सुबह 9 बजे तक नाश्ता कर लेते हैं इनमें ऐसा न करने वाले लोगों की तुलना में हार्ट अटैक आने की संभावना 6 प्रतिशत तक कम हो जाती है। इसके अलावा रात में 9 बजे से पहले भोजन करने से सेरेब्रोवास्कुलर बीमारी का खतरा भी 28 प्रतिशत कम हो जाता है। ये बदलाव खासकर महिलाओं में बहुत देखने को मिलते हैं। आइए जानते हैं विस्तार से..
फ्रांस में हुए एक शोध के मुताबिक वैज्ञानिकों का कहना है कि आज बदलती लाइफस्टाइल के कारण हमारे खान पान में आई देरी हार्ट अटैक जैसे गंभीर खतरों का कारण बन जाती है। यदि आप इससे बचाव करना चाहते हैं तो आपको अपने खाने के समय में परिवर्तन जरूर करना चाहिए। शोध में ये साबित हुआ है कि सुबह 9 बजे तक नाश्ता और रात में 9 बजे से पहले भोजन कर लेने वाले लोगों को हार्ट अटैक की संभावना 6% तक कम हो जाती है। शोध में बताए गए आंकड़े महिलाओं के लिए ज्यादा लागू होते हैं।
इस शोध में 42 साल की आयु के 1 लाख से अधिक लोगों को शामिल किया गया। जिसमें काफी समय तक उनके खाने के पैटर्न को परखा गया। इस तरह शोधकर्ताओं ने बताया कि खाने का समय कैसे हार्ट रोगों का कारण बन जाता है। इसमें ये बात भी साबित हुई कि खाने में प्रति घंटे की देरी हार्ट अटैक जैसी गंभीर समस्या के खतरे को बढ़ा देती है। उदाहरण के लिए जो व्यक्ति 8 बजे नाश्ता करता है वह 9 बजे नाश्ता करने वाले व्यक्ति से 6% ज्यादा सुरक्षित है।