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Written By: Yogita Yadav | Published : October 4, 2018 7:23 AM IST
इस अवस्था में धूप के रूप में यदि विटामिन डी नहीं मिल पाता तो मां और बच्चे दोनों की सेहत को हो सकता है नुकसान।© Shutterstock
गर्भावस्था में हर चीज की अपनी आवश्यकता है। इस अवस्था में केवल मां ही नहीं, बल्कि होने वाले शिशु के लिए बहुत सावधानी पूर्वक चीजों का सेवन करना होता है। इन जरूरी पोषक तत्वों और विटामिनों से एक महत्वपूर्ण विटामिन है विटामिन डी। इसकी कमी के बारे में तो हम सभी पहले से ही जानते हैं, पर एक नए अध्ययन में इस पर एक चौकाने वाला खुलासा हुआ है। जिसके अनुसार दिन अगर जल्दी ढल जाता है तो इसका भी गर्भावस्था पर होता है नकारात्मक नुकसान।
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क्या कहता है शोध
ऐसी लाएं जिनकी गर्भावस्था के आखिरी महीनों के दौरान दिन छोटे रहते हैं और उन्हें सूरज की रोशनी कम मिल पाती है, उन्हें प्रसव के बाद अवसाद पैदा होने का ज्यादा खतरा होता है। भारतीय मूल की एक वैज्ञानिक के नेतृत्व में किए गए अध्ययन में यह पाया गया है।
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यह अध्ययन 'जर्नल ऑफ बिहेवियरल मेडिसिन' में प्रकाशित हुआ है। अध्ययन सूरज की रोशनी और अवसाद के बीच संबंधों के बारे में पहले से मौजूद जानकारी के अनुरूप है। अमेरिका स्थित सान, जोस स्टेट यूनिवर्सिटी की दीपिका गोयल और उनके सहकर्मियों ने जो पता लगाया है, वह चिकित्सकों के लिए जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं को विटामिन डी की मात्रा बढ़ाने की सलाह देने में मददगार हो सकता है।
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ऐसे किया अध्ययन
अनुसंधानकर्ताओं ने अध्ययन में शामिल की गईं 293 महिलाओं से मिली सूचना का विश्लेषण किया। अमेरिका के कैलिफोर्निया से अध्ययन में शामिल की गई ये सभी महिलाएं पहली बार मां बनी थीं। उनकी गर्भावस्था के आखिरी 3 महीनों के आंकड़ों को शामिल किया गया। इसमें महिलाओं की उम्र, उनकी सामाजिक-आर्थिक स्थिति और वे कितने घंटे सोती हैं, जैसे कारकों को शामिल किया गया। अध्ययन में शामिल महिलाओं में अवसाद का 30 प्रतिशत जोखिम पाया गया।