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Written By: Editorial Team | Updated : January 4, 2017 6:09 PM IST
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अनुवादक – Usman Khan
मैं ब्रेस्ट इम्प्लांट कराने की योजना बना रही हूं। वैसे हम अगले साल परिवार शुरु करने की भी योजना बना रहे हैं। मैं ये जानना चाहती हूं कि क्या ब्रेस्ट इम्प्लैन्ट के बाद मैं किसी भी परेशानी के बिना अपने बच्चे को स्तनपान करा सकती हूं? कृप्या मेरा मार्गदर्शन करें। पढ़ें: आपकी ब्रेस्ट को शेप में लाएंगे योग के ये 4 आसन
इस सवाल का जवाब मुंबई स्थित अल्लुर मेडस्पा में ब्रेस्ट ऑग्मेन्टेशन के सीनियर काउंसलर परेश दोषी दे रहे हैं।
सबसे पहले आपको यह बात जाननी ज़रूरी है कि ब्रेस्ट का साइज़ बढ़ाने के लिए कई प्रकार के विकल्प मौजूद हैं। इसलिए इस तरह का कोई भी उपचार कराने से पहले इसका अच्छी तरह से अध्ययन ज़रूरी है। हालांकि सभी तरह के ब्रेस्ट इम्प्लैन्ट में स्तनपान में बाधा नहीं होती है।
आमतौर पर इम्प्लैन्ट तीन प्रकार के होते हैं। एक्सिलरी (axillary) तकनीक में बग़ल या कांख में एक चीरे के मदद से इम्प्लैन्ट किया जाता है। इसके बाद बग़ल के निकट मांसपेशियां किसी भी तरह ब्रेस्ट और मिल्क फ्लो ग्लैंड से नहीं जुड़ीं रहती हैं। इस तरह के उपचार में स्तनपान कराने में कोई समस्या नहीं है। दूसरी तकनीक इन्फ्रा-मम्मरी तकनीक (infra-mammary technique) है, जिसमें ब्रेस्ट के नीचे क्रीज में चीरा लगाया जाता है। ये विधि सुरक्षित है और स्तनपान के दौरान कोई भी परेशानी नहीं होती है। दूध का प्रवाह भी सामान्य रहता है। ब्रेस्ट इम्प्लैन्ट के लिए इन दोनों तकनीकों का उपयोग भारत में किया जाता है। क्योंकि इनसे स्तनपान के दौरान किसी तरह की कोई समस्या नहीं होती है। इतना ही नहीं ब्रेस्ट का साइज़ नेचुरल रहता है और उन पर किसी तरह का कोई निशान नहीं रहता है।
अगर आप ब्रेस्ट इम्प्लैन्ट के बाद स्तनपान कराने की योजना बना रही हैं तो आपके लिए पेरियरोलर (periareolar) विधि बिल्कुल भी सही नहीं है। इस विधि में निशान छिपाने के निप्पल के आसपास की त्वचा पर एक चीरा लगाया जाता है। इस विधि से टिशू के डैमेज होने का खतरा होता है, जिससे स्तनपान में समस्या हो सकती है। टिशू के डैमेज होने पर दूध का प्रवाह बाधित हो सकता है। आप दूध का उत्पादन तो कर सकती हैं लेकिन स्तनपान नहीं करा सकती हैं। इतना ही नहीं दूध जमा होना दर्दनाक हो सकता है और ये कई जटिलताएं पैदा कर सकता है।
ऊपर बताई गयी कोई भी तकनीक को चुनने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह लेना तकनीक को अच्छी तरह समझना बहुत ज़रूरी है। हालांकि आप स्तनपान के लिए ब्रेस्ट पम्पस का उपयोग कर सकती हैं।
चित्र स्रोत - Shutterstock