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इन 2 लक्षणों से मिनटों में पता चलेगा कंसीव हुआ या नहीं, प्रेगनेंसी किट लाने से पहले ही मिल जाएगी खुशखबरी

जानें प्रेगनेंसी के 2 ऐसे ही लक्षणों के बारे में जिनके बारे में सुनकर शायद आप चौंक उठें।

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Written By: Sadhna Tiwari | Updated : November 23, 2022 4:50 PM IST

Early Signs Of Pregnancy: पीरियड्स मिस होने के बाद महिलाएं प्रेगनेंसी टेस्ट कराने के बाद में सोचती हैं। प्रेगनेंसी टेस्ट करने से पहले सबसे पहले इसी बात का ध्यान रखा जाता है कि पीरियड्स कितने दिन लेट हैं। ज्यादातर मामलों में प्रेगनेंसी का पता जब तक चलता है तब तक 5-6 सप्ताह बीत चुके होते हैं। लेकिन, क्या आप जानते हैं कि प्रेगनेंसी टेस्ट करने से पहले भी कई लक्षण दिखायी दे सकते हैं। हालांकि, इन लक्षणों को पहचानना थोड़ा मुश्किल हो सकता है। बता दें कि हमारे देश की बड़ी-बूढ़ी महिलाएं हमेशा से प्रेगनेंट महिलाओं की देखभाल का काम करती रही हैं। आमतौर पर प्रेगनेंसी के कुछ शुरूआती लक्षमों को पहचानने और महिलाओं को उनकी प्रेगनेंसी टेस्ट कराने की सलाह भी यही अनुभवी महिलाएं ही देती हैं। हालांकि, यह बात अनुभव पर निर्भर करती है और अपने अनुभव के आधार पर ही आमतौर पर बुजुर्ग महिलाएं प्रेगनेंसी के इन लक्षणों (Early Sign of Pregnancy in hindi) को पकड़ लेती हैं।

आइए जानें प्रेगनेंसी के 2 ऐसे ही लक्षणों के बारे में जिनके बारे में सुनकर शायद आप चौंक उठें। क्योंकि. इन दोनों ही स्थितियों को देखकर शायद ही कोई इन्हें प्रेगेंसी का लक्षण मानें। क्योंकि ये समस्याएं आमतौर पर मामूली मानी जाती हैं और इसीलिए, लोग उन्हें नजरअंदाज करते हैं। उन्हीं दोनों लक्षणों के बारे में यहां पढ़ें।

प्रेगनेंसी के शुरूआती लक्षण (Early Signs Of Pregnancy In Hindi.)

बहती नाक

जैसा कि प्रेगनेंसी में शरीर में हार्मोन्स का स्तर ( hormone levels) लगातार बढ़ता रहता है। वहीं, रक्त का निर्माण (blood production) और उसके बढ़ते स्तर के कारण नाक में म्यूकस की झिल्ली ( mucous membranes)  में सूजन और ड्राइनेस बढ़ सकती है और इसी वजह से नाक से खून बहने लगता है। इन सबके कारण नाक बंद ( stuffy nose) होने, सांस लेने से जुड़ी तकलीफें और बहती नाक (runny nose) जैसी समस्याएं हो सकती हैं।

बार-बार मूड बिगड़ना (Moodiness)

प्रेगनेंट महिला के शरीर में हार्मोंन्स का लेवल बहुत ही व्यापक स्तर पर घटता और बढ़ता है जिसकी वजह से महिलाओं के व्यवहार में भी बदलाव आ सकता है। मूड स्विंग्स और बार-बार मूड खराब होने जैसे लक्षण प्रेगनेंसी की शुरूआत में दिखायी दे सकती है। मूड बदलने (Moodiness) के कारण महिलाएं छोटी-छोटी बातों पर रो देती हैं और चिड़चिड़ी हो जाती हैं।

(डिस्क्लेमर: इस लेख में दी गयीं प्रेगनेंसी से संबंधित सभी जानकारियां सूचनात्मक उद्देश्य से लिखी गयी हैं। किसी भी सुझाव पर अमल करने या किसी भी निष्कर्ष तक पहुंचने से पहले अपने डॉक्टर या किसी एक्सपर्ट का परामर्श लें।)