क्या गर्भावस्था के दौरान पेरासिटामोल लेना सेफ है? जानें डॉक्टर क्या कहते हैं इस बारे में

Kya Pregnancy me Paracetamol Kha Sakte Hai: गर्भवती महिलाओं को पेनकिलर के रूप में पेरासिटामोल लेनी चाहिए या नहीं इस बारे में हेल्थ एक्सपर्ट्स से बात करेंगे। चलिए जानते हैं प्रेगनेंसी में कितनी सेफ हैं पेरासिटामोल।

WrittenBy

Written By: Mukesh Sharma | Updated : January 27, 2026 11:24 AM IST

WrittenBy

Medically Verified By: Dr. Ruchi Shrivastava

Pregnancy me Paracetamol Kha Sakte Hai Ya Nahi: पेरासिटामोल को बहुत ही आम दवा समझा जाने लगा है, सिर्फ बुखार ही नहीं बल्कि छोटे-मोटे दर्द को कंट्रोल करने के लिए भी एक पेन किलर के रूप में पेरासिटामोल दवाएं बिना डॉक्टर की सलाह के लिए ले ली जाती है। पेरासिटामोल को इतना सेफ समझा जाने लगा है कि प्रेगनेंसी में भी महिलाएं कई बार बिना डॉक्टर की सलाह के ही पेन किलर के रूप में कई बार पैरासिटामोल ले लेती हैं। लेकिन ऐसा करना सुरक्षित है भी या नहीं आदि के बारे में जानना जरूरी है। डॉ. रूचि श्रीवास्तव (MBBS, MS, MAMS, FICOG, FMAS), Director, Obstetrics and Gynaecology, ShardaCare - Healthcity ने इस बारे में कई महत्वपूर्ण जानकारियां दी हैं। उन्होंने बताया कि पेरासिटामोल गर्भावस्था के दौरान सबसे ज्यादा इस्तेमाल की जाने वाली दर्द और बुखार की दवाओं में से एक है और सही तरीके से लेने पर इसे आमतौर पर सुरक्षित माना जाता है।

लंबे समय से हो रहा इसका उपयोग

गर्भवती महिलाएं कई वर्षों से हल्के बुखार को कम करने के लिए, दांत दर्द, सिरदर्द या बदन दर्द को कम करने के लिए पेरासिटामोल का इस्तेमाल एक सेफ पेनकिलर के रूप में करती आ रही हैं। हालांकि, महिलाओं के मन में यह सवाल आता रहता है कि क्या गर्भवती महिलाओं के लिए पेरासिटामोल लेना सेफ होगा?

क्या सेफ है पेरासिटामोल

आमतौर पर पेरासिटामोल को नॉन-स्टेरॉयडल एंटी इंफ्लेमेटरी ड्रग्स (NSAIDs) की श्रेणी में नहीं रखा जाता है। जबकि एनएसएआईडी की दवाओं का प्रेग्नेंसी के दौरान इस्तेमाल असुरक्षित माना जाता है। जबकि इनकी तुलना में पेरासिटामोल को सुरक्षित माना जाता है।

ज्यादा पेरासिटामोल से खतरा

हालांकि, इस बात का ध्यान भी रखना होगा कि निर्धारित सीमा से ज्यादा खुराक या ज्यादा बार-बार पेरासिटामोल ली जा रही है, तो यह गर्भवती महिला और उसके गर्भ में पल रहे बच्चे के लिए कई गंभीर समस्याएं पैदा करने के खतरे को बढ़ा सकती है।

पेरासिटामोल लेना भी जरूरी

कई महिलाओं के मन में यह डर रहता है कि कहीं पेरासिटामोल को कोई साइड इफेक्ट न हो जाए और वे बुखार व दर्द जैसी समस्याओं को इग्नोर करने की कोशिश करती हैं। लेकिन समय पर दवा न मिलने पर ये बीमारियां बढ़ जाती हैं और कई जानलेवा बीमारियों के खतरे को बढ़ा सकती हैं। गर्भावस्था के दौरान तेज बुखार या गंभीर दर्द का इलाज न होना मां और गर्भ में पल रहे शिशु दोनों के लिए नुकसानदायक हो सकता है। इसलिए बुखार और दर्द को समय पर नियंत्रित करना जरूरी होता है।

कुछ रिसर्च डरावने

पेरासिटामोल गर्भवती महिलाओं के लिए सुरक्षित है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि इससे कोई हेल्थ प्रॉब्लम होने का रिस्क ही न हो। कुछ अध्ययनों में पाया गया है कि पेरासिटामोल का ज्यादा लंबे समय तक या ज्यादा खुराक के रूप में इस्तेमाल करने से बच्चों में विकास व व्यवहार से जुड़ी समस्याएं होने का खतरा बढ़ जाता है।

हालांकि, हाल ही में लांसेट में एक रिसर्च को पब्लिश किया गया, जिसमें बताया गया कि गर्भावस्था के दौरान पेरासिटामोल का इस्तेमाल करने से बच्चे को ऑटिज्म जैसी बीमारी होने के खतरे का कोई सबूत नहीं मिल पाया है। इसलिए पेरासिटामोल का प्रेग्नेंट महिलाओं पर क्या असर पड़ता है, इस बारे में अभी तक पूरी तरह जानकारी नहीं है और इसलिए सीमित सीमा और सही खुराक के रूप में ही पेरासिटामोल लेने की सलाह दी जाती है।

डॉक्टर की सलाह जरूरी

रिसर्च के आधार पर और डॉक्टर की सलाह के अनुसार पेरासिटामोल को गर्भवती महिलाओं के लिए लगभग सुरक्षित माना गया है। लेकिन डॉक्टर की सलाह के बिना यह दवा फिर भी नहीं लेनी चाहिए। क्योंकि डॉक्टर अच्छे से जांच करेंगे और पता लगाएंगे कि पेरासिटामोल दवा आपके लिए सुरक्षित है या नहीं और आप कितनी खुराक में इसे ले सकते हैं।

अस्वीकरण: प्रिय पाठकों यह आर्ट‍िकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।

Add The Health Site as a Preferred Source Add The Health Site as a Preferred Source