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Written By: Agencies | Updated : January 4, 2017 6:09 PM IST
Salmon can help you fight water retention. © Shutterstock
मूल स्रोत: IANS Hindi
प्रेगनेंसी के दौरान माँ की डायट पर ध्यान देने की सबसे ज्यादा ज़रूरत होती है। क्योंकि माँ जो भी खाना खायेंगी उसका पूरा प्रभाव बच्चे के शारीरिक, मानसिक और बौद्धिक विकास पर पड़ेगा।
गर्भवती महिलाओं के लिए मछली बेहद फायदेमंद है, क्योंकि एक नए अध्ययन के मुताबिक, वैसी महिलाएं जो सप्ताह में तीन से चार दिन मछली खाती हैं, उनके बच्चों का दिमाग बेहद तेज होता है। शोध में यह बात भी सामने आई है कि गर्भावस्था के दौरान मछली का सेवन करने वाली महिलाओं के बच्चों में ऑटिज्म (अविकसित मस्तिष्क) का खतरा भी कम होता है। अध्ययन के मुताबिक, 'गर्भवस्था के दौरान बड़ी वसायुक्त मछलियां खाने वाली महिलाओं के बच्चे के मस्तिष्क का विकास न केवल बेहतर होता है, बल्कि उनमें ऑटिज्म का खतरा भी कम हो जाता है।'
शोधकर्ताओं के सामने चौंकानेवाली यह बात सामने आई है कि टुना या टाइलफिश जैसी कुछ विशेष मछलियां जिनमें मर्करी का स्तर ज्यादा होता है, उसे गर्भवती महिलाएं खाना पसंद नहीं करतीं, इनका संबंध कुछ सबसे बड़े विकासात्मक फायदों से है। शोधकर्ताओं के मुताबिक, वैसी मछलियां जिनमें डोकोसाहेक्सानोइक एसिड (डीएचए) यौगिक का स्तर उच्च होता है, वे मर्करी के किसी भी नकारात्मक प्रभाव को दूर करती हैं।
स्पेन के बार्सिलोना में सेंटर फॉर रिसर्च इन एनवयारमेंटल एपिडेमियोलॉजी के मुख्य शोधकर्ता जॉर्डी जुल्वेज ने कहा कि टुना जैसी मछलियों में मर्करी होता है, लेकिन उनमें डीएचए की मात्रा बेहद अधिक होती है, जो मस्तिष्क के विकास में बेहद मदद करता है।
पत्रिका 'लाइव साइंस' के अनुसार, जुल्वेज ने कहा, 'हो सकता है कि मर्करी के नकारात्मक प्रभावों को यह दूर करता है।'
चित्र स्रोत: Shutterstock