
किशोरी मिश्रा
किशोरी मिश्रा को डिजिटल मीडिया का लगभग 8+ वर्षों का व्यापक अनुभव है, जिसमें स्वास्थ्य (Health) और जीवनशैली ... Read More
Medically Verified By: Dr. Madhavi Reddy Vennapusa
Pregnancy gum Bleeding
प्रेग्नेंसी के दौरान महिलाओं के शरीर में कई तरह के बदलाव होते हैं। इस दौरान मॉर्निंग सिकनेस, थकान और सूजन के अलावा कुछ महिलाओं को ब्रश करते समय मसूड़ों से खून आने की शिकायत भी होती है। कई बार इसे सामान्य समझकर नजरअंदाज कर दिया जाता है, लेकिन बार-बार मसूड़ों से खून आना प्रेगनेंसी गिंगिविटीज का संकेत हो सकता है।
यशोदा हॉस्पिटल्स, हैदराबाद की सीनियर कंसल्टेंट ऑब्स्टेट्रिशियन एंड गायनेकोलॉजिस्ट डॉ. माधवी रेड्डी वेन्नापुसा का कहना है कि प्रेग्नेंसी के दौरान होने वाले हार्मोनल बदलाव मसूड़ों को अधिक संवेदनशील बना देते हैं। यही वजह है कि हल्के ब्रश या फ्लॉस करने पर भी मसूड़ों से खून आ सकता है।
NCBI की रिपोर्ट के मुताबिक, प्रेग्नेंसी के दौरान एस्ट्रोजन और प्रोजेस्टेरोन का लेवल बढ़ जाता है। इससे मसूड़े प्लाक और बैक्टीरिया के प्रति अधिक संवेदनशील हो जाते हैं। नतीजतन मसूड़ों में सूजन, लालपन और ब्लीडिंग होने लगती है, जिसे प्रेगनेंसी गिंगिविटीज कहा जाता है।
प्रेग्नेंसी के दौरान इम्यून सिस्टम में होने वाले बदलाव शरीर के ओरल बैक्टीरिया के प्रति प्रतिक्रिया करने के तरीके को प्रभावित करते हैं। इससे मसूड़ों में सूजन और ब्लीडिंग की समस्या और बढ़ सकती है। इसके अलावा, कुछ महिलाओं में आयरन या विटामिन C की कमी भी मसूड़ों से खून आने का एक कारण हो सकती है।
American Dental Association (ADA) के मुताबिक, प्रेग्नेंसी के दौरान शरीर में ब्लड सर्कुलेशन बढ़ जाता है। इसका असर मसूड़ों पर भी पड़ता है। अधिक ब्लड फ्लो के कारण मसूड़े पहले से ज्यादा लाल और सेंसटिव हो जाते हैं, इसलिए ब्रश करते समय उनमें से आसानी से खून निकल सकता है।
डॉ. माधवी रेड्डी के अनुसार, अच्छी ओरल हाइजीन अपनाकर प्रेगनेंसी गिंगिविटीज के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है। बेहतर ओरल हाइजीन के लिए आपको कुछ बातों पर ध्यान रखने की जरूरत है, जैसे-
कई महिलाएं सोचती हैं कि गर्भावस्था में दांतों का इलाज नहीं कराना चाहिए, लेकिन ऐसा नहीं है। American College of Obstetricians and Gynecologists (ACOG) के अनुसार, प्रेग्नेंसी के दौरान दांतों की जांच, स्केलिंग, फिलिंग और आवश्यक डेंटल ट्रीटमेंट आमतौर पर सुरक्षित माने जाते हैं। इसलिए गर्भवती महिलाओं को अपने डेंटिस्ट को प्रेग्नेंसी के बारे में जरूर बताना चाहिए और नियमित जांच कराते रहना चाहिए।
Disclaimer : प्रेग्नेंसी के दौरान मसूड़ों से खून आना हार्मोनल बदलावों की वजह से आम हो सकता है, लेकिन इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। सही ओरल हाइजीन, संतुलित आहार और नियमित डेंटल चेकअप से इस समस्या को काफी हद तक रोका जा सकता है। अगर ब्लीडिंग ज्यादा हो या लंबे समय तक बनी रहे, तो तुरंत विशेषज्ञ से सलाह लेना जरूरी है।