अकेले में हार्ट अटैक आ जाए तो क्या करें? डॉक्टर से जानें दिल के दौरे से कैसे बचाएं अपनी जान

Verified Medically Reviewed By: Dr Sumit Mohan Dheer

Akele Mai Heart Attack Se Kaise Bache: शेफाली जरीवाला की मौत को लेकर पूरा बॉलीवुड शौक में है और ये पहला केस नहीं है बल्कि भारत में दिन ब दिन कार्डियक अरेस्ट और हार्ट अटैक से जुड़े आंकड़े बढ़ते जा रहे हैं। ऐसे में आप अकेले रहते हुए खुद को दिल के दौरे का शिकार होने से कैसे बचा सकते हैं, आइए डॉक्टर से जानते हैं।

Written by Vidya Sharma | Updated : January 27, 2026 12:40 PM IST

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अकेले में हार्ट अटैक आना

Heart Attack Aane Par Kya Karna Chahiye: आजकल हार्ट अटैक से होने वाली मौतों के आंकड़े इतने बढ़ गए हैं कि हर कोई अपनी सेहत को लेकर सजग हो गया है। सभी अपनी और अपनों की जान बचाना चाहते हैं। अगर हम हार्ट अटैक की बात करें तो ये तब आता है जब आपके दिल की सेहत खराब होती है। ऐसे में अगर कोई साथ हो तो ठीक, लेकिन अगर आप अकेले हों तो बच पाना बहुत ही मुश्किल हो जाता है। यही कारण है कि लोग 'अकेले में आए हार्ट अटैक से अपनी जान बचाएं' इस विषय पर खूब सर्च कर रहे हैं। इसलिए आप तक सही जानकारी पहुंचाने के लिए हमने नारायणा हॉस्पिटल के सीनियर कंसल्टेंट डॉक्टर सुमित धीर से बातचीत ही और जाना कि अगर अकेले में दिल को दौरा पड़े तो क्या करना चाहिए। (Akele Mai Heart Attack Aa Jaye to Kya kare?)

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दिल से जुड़ी सेहत पर क्या बोले डॉक्टर?

डॉक्टर ने बताया कि 'अगर किसी को हृदय से जुड़ी समस्या है, तो कुछ खास लक्षणों पर ध्यान देना जरूरी है। जैसे चलते समय सीने में भारीपन या दर्द, बाएं हाथ में दर्द जो बैठने या काम रोकने पर कम हो जाए। यह हार्ट की समस्या का संकेत हो सकता है। अगर दर्द न भी हो, लेकिन थोड़ी सी मेहनत जैसे चलने, सीढ़ियां चढ़ने या कोई काम करते समय सांस फूलने लगे या सांस तेज हो जाए तो यह भी दिल से जुड़ी परेशानी का लक्षण हो सकता है। घर में कोई चीज उठाते समय अचानक सांस रुक जाना या घबराहट महसूस होने लगे तो ये भी दिल में गड़बड़ी की ओर इशारा कर सकता है। Also Read - गैस का दर्द या हार्ट अटैक? कैसे करें पहचान?

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अकेले में हार्ट अटैक आना

सीने में जलन अक्सर एसिडिटी, हार्टबर्न या कभी-कभी दिल की तकलीफ का भी संकेत हो सकती है। अगर यह जलन तैलीय या मसालेदार खाना खाने के बाद होती है, तो यह आमतौर पर एसिडिटी हो सकती है। लेकिन अगर बिना कुछ भारी खाए बार-बार रात में सीने में जलन होती है और एंटासिड से राहत नहीं मिलती तो यह हृदय की समस्या का संकेत हो सकता है। ऐसी स्थिति में डॉक्टर से सलाह जरूरी है।

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अकेले में हार्ट अटैक आ जाए तो अपनी जान कैसे बचाएं

डॉक्टर सुमित धीर ने अकेले में हार्ट अटैक को लेकर जानकारी देते हुए बताया कि 'जिन लोगों को दिल का दौरा पड़ने का खतरा है, जैसे कि 50 वर्ष से अधिक उम्र वाले, डायबिटीज, हाई बीपी, स्मोकिंग करने वाले या जिनके परिवार में हार्ट डिजीज का इतिहास हो आदि, उन्हें हमेशा सतर्क रहना चाहिए। अगर आप अकेले हैं और अचानक सीने में तेज दर्द, बेचैनी या घबराहट महसूस हो, तो तुरंत एक एस्पिरिन की गोली लें। यह गोली खून के थक्कों को घोलने में मदद करती है और अस्पताल पहुंचने तक का अहम समय दे सकती है। एस्पिरिन लेने के बाद बिना देर किए एम्बुलेंस बुलाएं या किसी से मदद मांगें। सावधानी के तौर पर, ऐसे लोग हमेशा अपनी जेब में या घर में आसानी से मिलने वाली जगह पर एस्पिरिन की गोली रखें। Also Read - अकेले में हार्ट अटैक आ जाए तो क्या किया जाना चाहिए? कार्डियो एक्सपर्ट ने बताया जान बचाने का तरीका

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इस उम्र के लोग रहें सावधान

दिल का दौरा पड़ने की अधिक संभावना उन लोगों में होती है जो 50 वर्ष से अधिक उम्र के हैं, जिनके परिवार में हृदय रोग का इतिहास है, जिन्हें मधुमेह या उच्च रक्तचाप है और जो सिगरेट या तंबाकू का अत्यधिक सेवन करते हैं। सबसे पहले, इन मरीजों को नियमित रूप से व्यायाम करना चाहिए। जिन लोगों को जोखिम है, उन्हें अपना वजन नियंत्रित रखना चाहिए और कम फैट वाला भोजन खाना चाहिए। अगर आपको मधुमेह या उच्च रक्तचाप है, तो नियमित हेल्थ चेकअप करें। अपनी दवाइयां न छोड़ें और ब्लड शुगर की नियमित जांच कराएं ताकि यह सही लेवल पर बना रहे। जो लोग सिगरेट या तंबाकू का सेवन करते हैं, उन्हें इसे पूरी तरह छोड़ देना चाहिए। इसके अलावा, जोखिम वाले लोगों को नियमित रूप से कोलेस्ट्रॉल स्तर की जांच करानी चाहिए और साथ ही हर साल हार्ट चेकअप करवाना चाहिए।कम उम्र वाले भी रहें सावधानहाल ही में आई खबरों की बात करें तो किसी महिला ने जिम में हार्ट अटैक के कारण अपनी जान गवाई है तो कोई बच्चा डांस करते-करते दिल के दौरे का शिकार हो गया। इससे साफ है कि दिल का दौरा हर उम्र के व्यक्ति को अपना शिकार बना सकता है। इसलिए आप अपने पास एक एस्पिरिन की गोली जरूर रखें और नियमित तौर पर फुल बॉडी चेकअप करवाते रहें।