
किशोरी मिश्रा
किशोरी मिश्रा को डिजिटल मीडिया का लगभग 8+ वर्षों का व्यापक अनुभव है, जिसमें स्वास्थ्य (Health) और जीवनशैली ... Read More
Written By: Kishori Mishra | Published : November 10, 2023 11:42 AM IST
Parenting Tips : पेरेंट्स बनने के बाद हर माता-पिता की ख्वाहिश होती है कि उसका बच्चा जीवनभर खुश और सफल रहे। वे चाहते हैं कि उनका बच्चा बड़ा होकर एक सफल इंसान बन सके, लेकिन कभी-कभार पेरेंट्स द्वारा की गई छोटी-छोटी गलतियों की वजह से बच्चा बड़ा होकर खुश होने के बजाय दुखी रहता है। क्या आप इसके पीछे की वजह जानते हैं? क्या आप भी इन गलितयों को कर रहे हैं? दरअसल, छोटा बच्चा एक मिट्टी के ढेर की तरह होता है, जिसे आप जिस आकार में ढालेंगे वह उसी आकार का बन जाएगा। अगर आप अपने बच्चों को खुश देखना चाहते हैं, तो उनके साथ अच्छा व्यवहार भी जरूरी होता है। उनके साथ शुरुआत में ही ऐसा व्यवहार करें, जो आगे चलकर उन्हें अच्छा इंसान बना सके। आइए जानते हैं आपकी किन गलतियों की वजह से आगे चलकर बच्चे पर पड़ता है नेगेटिव असर?
पैसों की क्या अहमियत होती है, इसे आपसे बेहतर कोई नहीं जान सकता है। लेकिन कई बार आप इसकी अहमियत को अपने बच्चों से अवगत नहीं कराते हैं। आप उनकी हर एक ख्वाहिश को पूरा करते-करते पैसों की कीमत को बच्चों को अनजान रखते हैं, जो आगे चलकर उनके लिए नुकसानदेह हो सकता है। इसलिए पैसों की कद्र बच्चों को बचपन से ही सिखाएं, ताकि वे आगे चलकर फिजूल खर्ची से बच सकें और अपना हाथ खाली न करे।
कुछ बच्चों में इनोशंस की कद्र नहीं होती है, ऐसे बच्चों का आगे चलकर रिश्ता काफी ज्यादा खराब हो सकता है। अगर आप एक माता-पिता हैं, तो आपका ये फर्ज होता है कि आपका बच्चा इमोशंस की कद्र करे। वे न सिर्फ खुद को इमोशंस को बयां करे, बल्कि दूसरों की फीलिंग्स को भी समझ सके। वे अपने रिश्तों को संभाल करे, ताकि आगे उसे किसी तरह की परेशानी न हो।
बच्चों के साथ प्यार से रहना और प्यार से उन्हें समझाने से उनके व्यवहार पर पॉजिटिव असर पड़ता है, लेकिन जरूरत से ज्यादा लाड़-प्यार भी बच्चों के व्यवहार को नेगेटिव बना सकता है। इसलिए यदि आप चाहते हैं कि आपका बच्चा आगे चलकर दुनिया का सामना अच्छे से करे, तो आपको उन्हें एक ऐसा इंसान बनने के लिए भी प्रेरित करना होगा। काफी ज्यादा लाड़ प्यार के चलते बच्चे दुनियादारी से दूर चले जाते हैं, जो आगे चलकर उनके लिए मुसीबत बन सकता है।
बच्चों पर कभी भी जरूरत से ज्यादा दबाव नहीं डालना चाहिए, यह दबाव हर फील्ड के लिए लागू होता है। जैसे उन्हें बार-बार पढ़ने के लिए फोर्स न करें, बार-बार अच्छे नंबर लाना, खेलने के लिए फोर्स करना इत्यादि कई चीजों पर जब आप ज्यादा फोर्स करते हैं, तो वे उसके उलट व्यवहार करते हैं। इसलिए किसी भी चीज को मनमावे के लिए उनके साथ प्यार से बात करें और समझाएं। ताकि वे खुद ब खुद अपनी रिपॉसपॉन्सबिलिटी को समझे।
बच्चों के साथ आप जिस तरह का व्यवहार करते हैं, उनके स्वभाव पर उसी तरह का असर पड़ता है। इसलिए कोशिश करें कि आप अपने बच्चों के साथ सही व्यवहार करें।