
साधना तिवारी
साधना तिवारी 15 वर्षों से मीडिया क्षेत्र में हैं। लगभग 9 वर्षों से अधिक समय से ZEE ग्रुप के साथ जुड़ी हुई ... Read More
Written By: Sadhna Tiwari | Updated : April 22, 2024 5:43 PM IST
Baby Massage in summer season: बच्चों की स्किन बहुत नाजुक होती है और उन्हें किसी भी चीज से नुकसान भी पहुंच सकता है। बच्चों की स्किन पर किसी भी तरह के प्रॉडक्ट्स या नेचुरल चीजों का भी इस्तेमाल करने से पहले दो बार सोचने की सलाह दी जाती है। इसी तरह मौसम बदलने के साथ ही बच्चों की मालिश के लिए तेल का चयन भी बहुत सावधानी से करना चाहिए।
हमारे घरों नें बड़ी-बुजुर्ग महिलाएं हमेशा से बच्चों की मालिश के लिए नेचुरल तेलों के इस्तेमाल की सलाह देती रहीं हैं। इसी तरह सर्दियों में और गर्मियों में मौसम के अनुसार अलग-अलग तरह के तेलों के इस्तेमाल की सलाह भी दी जाती है।
सर्दियों और बरसात के मौसम में शिशुओं को ठंड से बचाने के लिए सरसों के तेल और तिल के तेल से मालिश की जाती है। लेकिन, गर्मियों में इन दोनों के इस्तेमाल से बच्चे को अधिक गर्मी लग सकती है। इसी तरह बच्चों की स्किन को भी सरसों का तेल लगाने के बाद कुछ प्रॉब्लम्स हो सकती हैँ।
गर्मियों के दिनों में नारियल के तेल से बच्चे की मालिश करना ठीक हो सकता है। नारियल का तेल स्किन को नरिश करती है और इस तेल से मालिश करने के बाद बच्चा एक्टिव रहता है और उसकी हड्डियां मजबूत बनती हैं। इसी तरह नारियल के तेल से मालिश करने से ये फायदे भी मिलते हैं-
नारियल के तेल की तासीर ठंडी होती है इसीलिए, इससे मालिश करने से बच्चे को अधिक गर्मी महसूस नहीं होती।
नारियल तेल से मालिश करने के बाद स्किन आसानी से इसे सोख लेता है।
नारियल के तेल से मालिश करने से बच्चे की भूख न लगने की समस्या कम होती है।
कमजोर और कम वजन वाले बच्चों की तेल से मसाल करने से उनका वजन बढ़ने में मदद हो सकती है।
नारियल के तेल से मालिश करने से बच्चे के शरीर में रक्त का संचार या ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है जिससे बच्चा फुर्तिला और स्वस्थ महसूस करता है।
दूध पिलाने के बाद तुरंत बच्चे की मालिश ना करें। बच्चा जब जाग रहा हो और खुश हो तब ही उसकी मालिश करें। सोते हुए बच्चे की मालिश नहीं करनी चाहिए।
बच्चे की मालिश के लिएअगर कोई तेल पहली बार इस्तेमाल कर रहे हैं तो पूरे शरीर पर तेल अप्लाई करने से पहले एलर्जी टेस्ट जरूर करें। इसके लिए स्किन के किसी एक हिस्से पर थोड़ा-सा तेल लगाएं और उसके बाद कुछ समय इंतजार करें। इससे बच्चे को तेल से एलर्जी का पता लगाने में मदद होगी।
बच्चे की मालिश 10 मिनट से 30 तक ही करें। उससे अधिक समय तक मालिश करने से बचें। अगर चाहें तो दिन में 2-3 बार बच्चे की मालिश कर सकते हैं।
Disclaimer: हमारे लेखों में साझा की गई जानकारी केवल इंफॉर्मेशनल उद्देश्यों से शेयर की जा रही है इन्हें डॉक्टर की सलाह के रूप में नहीं माना जाना चाहिए। किसी भी बीमारी या विशिष्ट हेल्थ कंडीशन के लिए स्पेशलिस्ट से परामर्श लेना अनिवार्य होना चाहिए। डॉक्टर/एक्सपर्ट की सलाह के आधार पर ही इलाज की प्रक्रिया शुरु की जानी चाहिए।