
किशोरी मिश्रा
किशोरी मिश्रा को डिजिटल मीडिया का लगभग 8+ वर्षों का व्यापक अनुभव है, जिसमें स्वास्थ्य (Health) और जीवनशैली ... Read More
Medically Verified By: Dr. Manju Goyal
Pregnancy
बरसात का मौसम शुरू हो चुका है। इन दिनों घर के चारों को पानी ही पानी नजर आता है। ऐसे में कई तरह के इंफेक्शन फैलने का खतरा रहता है। आम लोगों की तुलना में गर्भवती महिलाओं को इस मौसम में अपनी सेहत का थोड़ा अधिक ध्यान रखने की जरूरत होती है। दरअसल, प्रेग्नेंसी के दौरान शरीर में कई तरह के बदलाव होते हैं, जिससे इम्यूनिटी पहले जैसी नहीं रहती। ऐसे में वायरल इंफेक्शन, फूड पॉइजनिंग, यूरिन इंफेक्शन और मच्छरों से फैलने वाली बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है। हालांकि, इसका मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि हर गर्भवती महिला बीमार होगी। सही खानपान, साफ-सफाई और कुछ आसान सावधानियां अपनाकर बारिश के मौसम को सुरक्षित तरीके से बिताया जा सकता है। इस विषय की अधिक जानकारी के लिए हमने जयपुर स्थित नारायणा हॉस्पिटल की सीनियर कंसल्टेंट, गायनेकोलॉजिस्ट एंड ऑब्स्टेट्रिशियन डॉ. मंजू गोयल से बातचीत की है। आइए जानते हैं प्रेग्नेंसी के दौरान कैसे रखें खुद को सुरक्षित?
सबसे पहले खाने-पीने का ध्यान रखना बहुत जरूरी है। इस मौसम में खाना जल्दी खराब हो सकता है, इसलिए हमेशा ताजा और अच्छी तरह पका हुआ भोजन ही खाएं। बाहर का खुला खाना, कटे हुए फल और लंबे समय से रखा हुआ भोजन खाने से बचें। अगर फल या सलाद खा रही हैं, तो उन्हें अच्छी तरह धोने के बाद ही इस्तेमाल करें। पीने के लिए हमेशा साफ, फिल्टर या उबला हुआ पानी ही चुनें।
बारिश के मौसम में हाथों की सफाई भी बेहद जरूरी है। बाहर से घर आने के बाद, खाना बनाने से पहले और खाना खाने से पहले साबुन से हाथ धोने की आदत संक्रमण के खतरे को काफी कम कर सकती है। अगर बाहर हैं और पानी उपलब्ध नहीं है, तो हैंड सैनिटाइजर का इस्तेमाल किया जा सकता है, लेकिन घर पहुंचकर हाथ जरूर धोएं। 
मच्छरों से बचाव भी उतना ही जरूरी है। डेंगू और चिकनगुनिया जैसी बीमारियां प्रेग्नेंसी के दौरान परेशानी बढ़ा सकती हैं। घर के आसपास पानी जमा न होने दें, पूरी बाजू के कपड़े पहनें और डॉक्टर की सलाह के अनुसार प्रेग्नेंसी में सुरक्षित मच्छर भगाने वाले उपाय अपनाएं।
इस मौसम में गीले कपड़े या जूते लंबे समय तक पहनकर न रहें। नमी के कारण फंगल इंफेक्शन का खतरा बढ़ सकता है। अगर कपड़े या जूते भीग जाएं, तो जितनी जल्दी हो सके उन्हें बदल लें और शरीर को सूखा रखें।
पर्याप्त आराम, अच्छी नींद और संतुलित आहार भी शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बनाए रखने में मदद करते हैं। अपनी डाइट में मौसमी फल, हरी सब्जियां, प्रोटीन और डॉक्टर द्वारा बताए गए सप्लीमेंट नियमित रूप से लेते रहें। बिना डॉक्टर की सलाह के कोई भी दवा या घरेलू नुस्खा अपनाने से बचें।
अगर तेज बुखार, लगातार उल्टी, दस्त, पेशाब करते समय जलन, पेट में तेज दर्द, बच्चे की हलचल कम महसूस होना या किसी भी तरह की असामान्य परेशानी हो, तो इंतजार करने के बजाय तुरंत अपने डॉक्टर से संपर्क करें। कई बार छोटी लगने वाली परेशानी भी जांच की जरूरत हो सकती है।
Disclaimer : बारिश का मौसम पूरी तरह से एंजॉय किया जा सकता है, बस थोड़ी-सी अतिरिक्त सावधानी जरूरी है। साफ-सफाई का ध्यान रखना, सुरक्षित भोजन और पानी का सेवन करना, मच्छरों से बचाव करना और शरीर में किसी भी असामान्य बदलाव को नजरअंदाज न करना, ये छोटी-छोटी आदतें मां और होने वाले बच्चे, दोनों की सेहत की सुरक्षा में बहुत ज़रूरी है।