
मुकेश शर्मा
मुकेश शर्मा दिल्ली यूनिर्विसिटी से जर्नलिज्म डिग्री होल्डर हैं और पिछले 8 साल से Health Journalism से जुड़े हुए ... Read More
Written By: Mukesh Sharma | Published : April 2, 2024 7:32 PM IST
Observing your child's behavior, interactions, and reactions provides valuable insights into their personality and development. By actively engaging with your child during playtime, daily routines, and social interactions, parents can gain a deeper understanding of their child's preferences, strengths, and challenges.
बच्चा सबसे पहले अपने पेरेंट्स को कॉपी करना सीखता है, जो पेरेंट्स करते हैं उनके बोलने के तरीके व अन्य आदतों के बच्चे सीखते ही हैं। इसलिए बच्चों को अपने पेरेंट्स की परछाई कहा जाता है। इसलिए कई बार बच्चे का व्यवहार भी उनके पेरेंट्स पर ही निर्भर करता है। बच्चे के गुस्से वाला स्वभाव या चिड़चिड़ापन कहीं न कहीं उनके माता-पिता की ही परछाई होता है। हर पेरेंट्स चाहते हैं कि उनका बच्चा हर बुरी आदतों और बुरी संगत से दूर रहें। लेकिन क्या होगा अगर खुद माता-पिता ही बुरी संगत हो? जी हां कुछ पेरेंट्स जाने-अनजाने में अपनी आदतों से ऐसी गलतियां कर रहे होते हैं, जो छोटे बच्चों के लिए किसी बुरी संगत से कम हीं है। लेकिन पेरेंट्स को पता भी नहीं होता है कि बच्चा उनसे ऐसी बुरी आदतें सीख रहा है और धीरे-धीरे बच्चे ये चीजें सीख जाते हैं। इस लेख में हम आपको ऐसी ही कुछ चीजों के बारे में बताने वाले हैं, जिनसे आपको पता लगेगा कि आखिर पेरेंट्स की कौन सी वे गलत आदतें व गलतियां हैं, जिनसे बच्चे भी बुरी आदतें सीख जाता है।
बात-बात पर चिल्लाने की आदत बच्चे बहुत जल्दी सीख जाते हैं। कुछ लोगों को ऊंची आवाज में बात करने की आदत होती है और वे आपस में ऊंची आवाज में बातें करते हैं जिससे बच्चे नोटिस कर लेते हैं। लेकिन जब बच्चा ऊंची आवाज में बातें करता है, तो पेरेंट्स को अच्छा नहीं लगता है और वे उसे डांटने लगते हैं। लेकिन बच्चे को डांटने की बजाय उसके सामने ऊंची आवाज में बात करने जैसी आदतें छोड़ दें।
पति पत्नी के बीच आपस में किसी बात पर कहा सुनी होना एक सामान्य बात होती है। कभी-कभार किसी बात पर झगड़ना सामान्य है लेकिन अगर पेरेंट्स बात-बात पर आपस में झगड़ने लगते हैं और बच्चों के सामने ही आपस में झगड़ने लगते हैं। इससे बच्चे पर भी बुरा असर पड़ता है और बच्चे को भी लड़ने की आदत पड़ जाती है।
कुछ पेरेंट्स अपने बच्चे को अच्छे आचरण सिखाने पर लगे होते हैं, जबकि खुद को बात-बात पर गाली देने की आदत पड़ जाती है। कई बार वे जाने अनजाने में बच्चों के सामने ही गाली दे देते हैं या कोई दूसरा अपशब्द बोल देते हैं। ऐसे में बच्चा भी ये आदत सीख जाता है और बच्चे की यह आदत छुड़ाना काफी मुश्किल हो जाता है।
छोटे बच्चे ये आदतें नहीं सीख पाते हैं, लेकिन अपने पेरेंट्स की ये आदतें देखकर उनके लिए ये चीजें सामान्य हो जाती हैं। ऐसे में कई बार वे बड़े होने के बाद ये चीजें कब सीख जाते हैं उन्हें खुद पता नहीं चलता है। इसलिए अगर आप चाहते हैं कि आपका बच्चा बुरी आदतें न सीखे तो आपको भी ये आदतें छोड़ देनी चाहिए। अगर आप एकदम से छोड़ नहीं पा रहे हैं, तो कोशिश करें कि बच्चे के सामने धूम्रपान या शराब का सेवन न करने के बाद भी बच्चे के सामने आने की कोशिश न करें।