Zydus Cadila की कोविड वैक्सीन ZyCoV-D को मिली भारत में मंज़ूरी, बहुत जल्द बच्चों को लगायी जा सकेगी यह वैक्सीन

यह वैक्सीन भारत में बनी दुनिया की पहली डीएनए बेस्ड वैक्सीन है।( ZyCoV-D Covid-19 Vaccine for children)

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Written By: Sadhna Tiwari | Updated : August 21, 2021 12:16 AM IST

The First Covid-19 Vaccine for children in India:  बच्चों के लिए कोविड वैक्सीन का इंतज़ार खत्म होता दिख रहा है क्योंकि फार्मा कम्पनी जायडस कैडिला की कोरोना वैक्‍सीन ZyCoV-D को भारत में आपातकालीन स्थितियों में इस्तेमाल के लिए मंज़ूरी मिल गयी है। भारत की दवा नियामक डीसीजीआई (DGCI) ने  'इमर्जेंसी यूज' के लिए जायडस कैडिला की वैक्सीन जायकोव-डी ( ZyCoV-D)  को मंजूरी दे दी है। साइंस और टेक्‍नोलॉजी मिनिस्‍ट्री की तरफ से शुक्रवार को इस बाबत घोषणा की गयी। ( ZyCoV-D Covid-19 Vaccine for children in Hindi)

क्या है खास जायकोव-डी में

मिली जानकारी के अनुसार, यह वैक्सीन 12 साल से अधिक उम्र के बच्‍चों, टीनएजर्स और नौजवानों को लगायी जा सकेगी। बता दें कि, यह वैक्सीन भारत में बनी दुनिया की पहली डीएनए बेस्‍ड वैक्‍सीन (DNA-Based vaccine) है। जबकि, कोवैक्‍सीन के बाद जायकोव-डी ( ZyCoV-D) भारत में उत्पादित दूसरी कोरोना वैक्‍सीन है।

  • इस वैक्सीन की सबसे बड़ी खासियत यही है कि यह एक नीडललेस (Needleless covid-19 vaccine) वैक्सीन है। इसका मतलब है कि टीका देने के लिए इसमें इंजेक्शन का इस्तेमाल नहीं होता।
  • यह दवा इंजेक्‍टर के माध्यम से शरीर में पहुंचायी जाएगी।जिससे, यह पूरी तरह पेनलेस होगी और इसे लगाने से दर्द नहीं होगा। इसका अर्थ है कि नीडल फोबिया (Needle Phobia) वाले वो लोग जिन्हें इंजेक्शन से डर लगता है, उन्हें भी यह वैक्सीन लेने के लिए तैयार किया जा सकता है।
  • बता दें कि भारत में मान्यता प्राप्त करने वाली यह छठवीं वैक्‍सीन है।

3 डोज़ वाली वैक्सीन

जायडस कैडिला वैक्सीन की टेस्टिंग में 3 खुराकें देने और उसके प्रभावों के आधार पर बेहतर परिणाम प्राप्त करने की बात कही गयी है। मिली जानकारी के अनुसार इस वैक्सीन की पहली खुराक लेने के 3 सप्ताह बाद यानि 21 दिन बाद वैक्सीन की दूसरी खुराक ली जा सकती है। वहीं, जायकोव-डी वैक्सीन की तीसरी और आखिरी डोज़ पहली डोज़ के तकरीबन 56 दिनों बाद दी जाएगी। हालांकि, कम्पनी की तरफ से यह भी कहा गया है कि 2 डोज़ के आधार पर भी इस वैक्सीन की टेस्टिंग की गयी है और परिणाम 3 खुराक जैसे ही प्रभावी देखे गए हैं। इसीलिए, हो सकता है कि इस वैक्सीन की भी केवल 2 खुराकें ही लेनी पड़े।

इतनी होगी कीमत

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में यह वैक्सीन निशुल्क उपलब्ध होगी। वहीं, प्राइवेट अस्पतालों में इस वैक्सीन के लिए 700-1500 रूपए खर्च करने पड़ सकते हैं।

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