
साधना तिवारी
साधना तिवारी 15 वर्षों से मीडिया क्षेत्र में हैं। लगभग 9 वर्षों से अधिक समय से ZEE ग्रुप के साथ जुड़ी हुई ... Read More
Written By: Sadhna Tiwari | Updated : November 19, 2018 6:34 PM IST
विश्व शौचालय दिवस या वर्ल्ड टॉयेटल डे हर साल 19 नवंबर को मनाया जाता है। संयुक्त राष्ट्र के अनुसार विश्व की लगभग ढाई अरब आबादी को शौचालय की सुविधा उपलब्ध नहीं है और एक अरब से ज़्यादा लोग खुले में शौच करने को मज़बूर हैं। आंकड़ों की माने तो इसमें से आधे से अधिक लोग भारत में रहते हैं। खुले में शौच की वजह से कई प्रकार की बीमारियां फैलती हैं और इन्हीं बीमारियों से बचने के लिए भारत सरकार ने स्वच्छ भारत अभियान की शुरुआत की। स्वच्छ भारत अभियान को देशभर के लोगों का सहयोग मिल रहा है और इसकी वजह से देश के कई हिस्सों में लोगों की सोच में बदलाव भी दिखायी पड़ रहा है। देश के 7 राज्य और केंद्र शासित प्रदेश खुद को खुले में शौच से मुक्त क्षेत्र घोषित कर चुके हैं और उम्मीद की जा रही है कि यह आंकड़ा बहुत जल्दी और बढ़ेगा। विश्व शौचालय दिवस पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देश के नाम एक संदेश लिखा-
Today, on World Toilet Day, we reiterate our commitment towards enhancing cleanliness and sanitation facilities across the nation.
We in India take pride at the remarkable speed with which sanitation cover has increased in the last four years. — Narendra Modi (@narendramodi) November 19, 2018
“आज विश्व शौचालय दिवस पर हम देशभर में स्वच्छता और सफाई सुविधाओं को बढ़ाने के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हैं। पिछले चार वर्षों के दौरान जिस उल्लेखनीय गति से स्वच्छता सुविधाओं का विस्तार किया गया है, उससे हम भारत के लोग गौरवान्वित हैं। भारत को और अधिक साफ-सुथरा बनाने और बेहतर स्वच्छता सुविधाएं सुनिश्चित करने का हमारा आंदोलन एक जन आंदोलन है। विशेषकर महिलाओं और युवाओं सहित 130 करोड़ भारतीय लोगों ने इस आंदोलन में अग्रणी भूमिका ऩिभाई है। मैं उन सभी लोगों को बधाई देता हूं, जो स्वच्छ भारत के सपने को साकार करने के लिए काम रहे हैं। ”