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Incidence of scurvy in australia: स्कर्वी, जो कभी नाविकों के बीच आम थी, अब विकसित देशों में भी सामने आ रही है। हाल के उदाहरणों से यह स्पष्ट होती है कि विटामिन सी की कमी के कारण यह बीमारी फिर से उभर सकती है। ऐसा हम इसलिए कह रहे हैं, क्योंकि स्कर्वी बीमारी वास्तव में हाल के वर्षों में कुछ स्थानों पर फिर से देखने को मिल रही है। सितंबर में BMJ केस रिपोर्ट्स में पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया में एक मध्यम आयु वर्ग के व्यक्ति में स्कर्वी के मामलों का पता चला है, जो इस बात का संकेत है कि यह समस्या आधुनिक समाज में तेजी से फैल रही है। पहले पहल स्कर्वी, जो कभी नाविकों के बीच होने वाली एक आम समस्या थी, अब विकसित देशों में भी सामने आ रही है। हाल ही में पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया में उस मध्यम आयु वर्ग के व्यक्ति में स्कर्वी का मामला सामने आया है, जो एक महत्वपूर्ण चेतावनी दे रहा है। अस्पताल में उस व्यक्ति को पैरों में दर्दनाक चकत्ते और सूजन होने पर भर्ती किया गया। उस वक्त डॉक्टरों ने पहले संक्रमण, सूजन और अन्य संभावित विकारों की जांच की। जब परेशानी का कारण यह नहीं लगे तो, तब अंततः स्कर्वी का पता चला।
डॉक्टर एंड्रयू डर्मावन और उनकी टीम ने जब मरीज से गहराई से पूछताछ तो पता चला कि उसकी वित्तीय कठिनाइयों ने उसके आहार को नकारात्मक रूप से प्रभावित किया था, जिस कारण वह अपने आहार में विटामिन सी को शामिल नहीं कर पा रहा था। यह जानकारी दर्शाती है कि न केवल स्वास्थ्य संबंधी मुद्दे, बल्कि आर्थिक स्थिति भी पोषण के स्तर को प्रभावित कर सकती है और आपको स्कर्वी जैसी गंभीर परेशानी में डाल सकती है।
स्कर्वी विटामिन सी की कमी के कारण होती है। विटामिन सी हमारे शरीर के लिए बहुत जरूरी है, खासकर कोलेजन के निर्माण के लिए। कोलेजन हमारे शरीर के कई अंगों को मजबूत बनाने में मदद करता है। जब विटामिन सी की कमी होती है, तो कोलेजन का निर्माण कम हो जाता है, जिसके कारण शरीर में कई तरह की समस्याएं हो सकती हैं।
आधुनिक समय में जब खाने-पीने की इतनी सुविधाएं हैं, फिर भी स्कर्वी जैसे रोग क्यों हो रहे हैं? जिसका स्पष्ट उत्तर है, असंतुलित आहार का सेवन। कई लोग फास्ट फूड और प्रोसेस्ड खाद्य पदार्थों का अधिक सेवन करते हैं, जिनमें विटामिन सी की मात्रा कम होती है। खाद्य पदार्थों में पोषक तत्वों की कमी भी इसको बढ़ावा देती है। वहीं खेती में रसायनों के अत्यधिक इस्तेमाल से खाद्य पदार्थों में पोषक तत्वों की मात्रा कम हो जाती है। साथ ही कुछ दवाएं विटामिन सी के अवशोषण को प्रभावित कर सकती हैं और कुछ आंतों की समस्याएं भी विटामिन सी के अवशोषण में बाधा डाल सकती हैं, जो स्कर्वी का कारण बन सकती हैं।
स्कर्वी से बचाव के लिए हमें अपने खानपान की आदतों में सुधार करना होगा। विटामिन सी से भरपूर खाद्य पदार्थों को अपनी डाइट में शामिल करना बहुत जरूरी है। इनमें शामिल हैं: नींबू, संतरा, अमरूद, स्ट्रॉबेरी, ब्रोकोली, शिमला मिर्च। स्कर्वी एक ऐसा रोग है, जिससे बचा जा सकता है। हमें अपने स्वास्थ्य के प्रति सजग रहना चाहिए और संतुलित आहार लेना चाहिए। अगर आपको स्कर्वी के कोई लक्षण दिखाई देते हैं, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।