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Written By: Anoop Singh | Updated : August 29, 2017 1:01 PM IST
पिछले दो तीन दिनों से पूरे सोशल मीडिया में एक छोटी बच्ची का वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें उसकी मां उसे डांटकर और थप्पड़ मार मार कर पढ़ा रही है। वीडियो में आप देख सकते हैं कि बच्ची बार बार अपनी मां से कहती है कि प्यार से पढ़ाओ लेकिन इसका उसकी मां पर कोई असर नहीं पड़ता है और काउंटिंग में एक डिजिट भी भूलने पर वह उसे थप्पड़ मारती है।
इस वीडियो को लेकर देश भर की माओं में आक्रोश है और वे अपना गुस्सा व्हाटसैप, फेसबुक और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर लिखकर निकाल रही हैं। कई लोगों ने तो उस महिला को पागलखाने भेजने तक की सलाह दी है।
इस वीडियो में सबसे ज्यादा दुःख बच्ची को मार खाते हुए और गिडगिडाते देखने पर होता है लेकिन जो माएं इसे शेयर कर रही हैं वे भी कभी न कभी अपने बच्चों के साथ ऐसा व्यवहार करती ही हैं। बच्चों को पढ़ाते समय मारना या उन पर बेवजह दवाब बनाना हमारे समाज में काफी पहले से है बस इस वीडियो से उसका घिनौना रूप हम सबके सामने आ गया है।
आपको बता दें कि हमारे समाज में ऐसी कई माएं हैं जो अपने बच्चों को पडोसी के बच्चे से अच्छा दिखाने के लिए उन्हें मारती या धमकाती हैं। वे हमेशा अपने आस पास के लोगों को यह दिखाना चाहती हैं कि उनका बच्चा पढ़ने में सबसे अच्छा है। जबकि बेवजह बच्चों पर इस तरह पढ़ाई का दवाब डालना उनकी मानसिक स्थिति को बिगाड़ सकता है। ऐसे पेरेंट्स शायद खुद ये भूल रहे हैं कि जब वे बच्चे थे तो उनपर भी पढ़ाई-लिखाई और अच्छा परफॉर्म ऐसा करने का ऐसा ही दवाब था। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि आप बड़े होने पर दोबारा इन गलतियों को अपने बच्चों के साथ दोहरायें और उन्हें क्लास में फर्स्ट आने के लिए इस तरह धमकाएं। अगर आपको लगता है कि आप बिल्कुल सही है और आप बच्चे की परवरिश में कोई गलती नहीं कर रही हैं तो एक बार इन सवालों को खुद से पूछकर देखिये।
ये ऐसे ही कुछ सवाल हैं जिनसे आपको यह महसूस होगा कि आप भी वही गलतियां कर रही हैं जो बाकी लोग कर रहे हैं। इसलिए अगर आप वो वीडियो देखकर बहुत परेशान हैं कि कोई मां अपने बच्चे के साथ ऐसा कैसे कर सकती है तो एक बार खुद पर भी नज़र डालें और देखें कि आप समाज के दवाब में अपने बच्चे के साथ क्या कर रही हैं?
अगर आपने पढ़ाई के लिए कभी भी अपने बच्चे को नहीं मारा है तो नीचे कमेंट बॉक्स में मेसेज करें। और अगर ऐसा नहीं है तो इस आर्टिकल को फेसबुक और व्हाटसैप पर शेयर करें जिससे बाकी पेरेंट्स भी खुद को बदल सकें और बच्चों के लिए एक बेहतर दुनिया बना सकें।