Don’t Miss Out on the Latest Updates.
Subscribe to Our Newsletter Today!
- लेटेस्ट
- डिज़ीज़
- डाइट
- फिटनेस
- ब्यूटी
- घरेलू नुस्खे
- वीडियो
- पुरुष स्वास्थ्य
- मेंटल हेल्थ
- सेक्सुअल हेल्थ
- फोटो स्टोरी
- आयुष
- पेरेंटिंग
- न्यूज
दुनिया समेत देश में बढ़ते ओमिक्रोन मामलों को देखते हुए केंद्र सरकार ने तो कमर कस ही ली है साथ ही राज्य सरकारों ने भी अपने-अपने लेवल पर तैयारी करनी शुरू कर दी है। दिल्ली में जहां ओमिक्रोन वेरिएंट से संक्रमित मरीजों के लिए LNJP अस्पताल डेडिकेटिड किया गया है उसी तरह गुजरात में भी ओमिक्रोन मरीजों के लिए स्पेशल वार्ड बनाए जा रहे हैं। ओमिक्रोन के बढ़ते मामलों के चलते गुजरात के वडोदरा के सरकारी अस्पतालों में स्पेशल वार्ड सेट किए जा रहे हैं।
SSG अस्पताल में 50 ऐसे वार्ड अलग रखे गए हैं जिनमें सिर्फ ओमिक्रोन वेरिएंट से संक्रमित मरीजों का इलाज होगा। जबकि GMERS मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में 20 वार्डों की व्यवस्था की गई है। ये सभी वार्ड वेंटिलेटर और ऑक्सीजन सपोर्ट से लैस हैं।
SSG अस्पताल के मेडिकल सुप्रींटेंडेंट डॉक्टर रंजन अय्यर ने बताया कि स्थिति को संभालने के लिए अस्पताल के पास दवाओं और वेंटिलेटर का पर्याप्त स्टॉक है। उन्होंने कहा कि क्योंकि ओमिक्रोन वेरिएंट के मामले बढ़ रहे हैं इसलिए हम एडवांस में ऐसे वार्ड रख रहे हैं जहां ओमिक्रोन के मरीजों का इलाज हो सके। सभी वार्ड में वेंटिलेट और ऑक्सीजन सपोर्ट की व्यवस्था की गई है। बता दें कि गुजरात के जामनगर में अभी तक ओमिक्रोन वेरिएंट का केवल 1 मामला सामने आया है। इस व्यक्ति की उम्र 72 साल थी जो जिंबावे से वापिस आया था।