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Written By: Editorial Team | Published : September 5, 2018 8:55 AM IST
The rotavirus vaccine is essential in preventing severe diarrhoea, which can be life-threatening in young children. The vaccine is generally safe; most children experience only mild side effects. These can include Mild gastrointestinal symptoms such as diarrhoea and vomiting, fussiness or irritability, and temporary loss of appetite.
उत्तर प्रदेश में मंगलवार को राज्य महिला, बाल एवं परिवार कल्याण मंत्री रीता बहुगुणा जोशी ने रोटावायरस टीका लांच किया। यह टीका शिशुओं व बच्चों में हैजा फैलने से रोकता है। उन्होंने मीडिया से कहा कि राज्य सरकार इस बात को लेकर सकारात्मक है कि 'रोटावायरस टीका शिशु मृत्यु दर में कमी लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।'
टीका राज्य में नियमित टीकाकरण कार्यक्रम का हिस्सा होगा।
राष्ट्रीय टीकाकरण अधिकारी ए.पी. चतुर्वेदी ने कहा, "सभी नवजात बच्चों को पेंटावैलेंट 1,2,3 टीके की 5 बूंदों की 3 खुराक छठे, 10वें और 14वें सप्ताह पर अवश्य दी जानी चाहिए।"
इस लांच के साथ उत्तर प्रदेश देश में 11वां राज्य बन गया है, जो रोटावायरस से संपूर्ण बचाव के लिए टीका लेकर आया है।
इस टीके को नियमित टीकाकरण कार्यक्रम के तहत 2016 में ओडिशा में शामिल किया गया था, जिसके बाद इसका विस्तार हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, आंध्रप्रदेश, असम, मध्यप्रदेश, तमिलनाडु, त्रिपुरा और झारखंड में हुआ।
परिवार कल्याण की महानिदेशक नीना गुप्ता ने कहा, "मई 2018 तक रोटावायरस टीके के 2.1 करोड़ खुराक बच्चों को पिलाई जा चुकी है।"
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के निदेशक पंकज कुमार ने कहा, "डायरिया भारत में पांच वर्षो से कम उम्र के 10 प्रतिशत बच्चों की मौत का जिम्मेदार है। रोटावायरस उन 40 प्रतिशत मामलों में शामिल है, जिसकी वजह से देश में करीब 78,000 मौतें हुई हैं।"