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Written By: Yogita Yadav | Published : November 9, 2018 9:21 PM IST
35 साल के बाद अंडे की बहुत ज्यादा कमी आ जाती है और 40 साल बाद गर्भावस्था को प्राप्त करने की संभावना बहुत कम हो जाती है। © Shutterstock.
जिन जोड़ों की उम्र 35 वर्ष से अधिक होती हैं, उनको चिकित्सा सहायता लेने से पहले गर्भवती होने के लिए केवल छह महीने का प्रयास करना चाहिए। यदि उम्र 40 वर्ष या उससे अधिक है, तो बच्चे के लिए प्रयास करने का निर्णय लेने से पहले चिकित्सक की सलाह लेना चाहिए।
गर्भवती होने की संभावना में आपकी आयु एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। 20 वर्ष की उम्र के बाद एक महिला की प्राकृतिक प्रजनन क्षमता धीरे-धीरे घटने लगती है। क्योंकि उसके पास अण्डों की संख्या कम होती है, और जो बचे हुए अंडे होते हैं उनकी गुणवत्ता उम्र बढ़ने के साथ कम होती जाती है। यह भी पढ़ें – कंडोम का किया ज्यादा इस्तेमाल, तो हो सकते हैं ये खतरे
35 साल के बाद अंडे की बहुत ज्यादा कमी आ जाती है और 40 साल बाद गर्भावस्था को प्राप्त करने की संभावना बहुत कम हो जाती है।
ह्यूमन फर्टिलाइजेशन और भ्रूणविज्ञान प्राधिकरण के अनुसार 35 वर्ष की 95% महिलाएं नियमित रूप से असुरक्षित यौन संभोग रखते हुए लगभग तीन साल के बाद गर्भवती हो सकती हैं, लेकिन 38 वर्ष की केवल 75% महिलाएं ही प्रेगनेंट होने में सफल हो पाती हैं। यह भी पढ़ें – एक आसन हर रोज : खुद से प्यार करना सिखाता है न्यूड योगा
बांझपन का कारण - बांझपन के बहुत से कारण हो सकते हैं। डॉक्टर महिला बांझपन के कारणों का पता लगाने के लिए, अंडाशय (ovaries), अंडे, फैलोपियन ट्यूब (fallopian tubes) और गर्भाशय (uterus) की असामान्यताओं की जाँच करता है। महिलाओं में बांझपन का सबसे सामान्य कारण अनियमित (irregular) या अनुपस्थित अंडाशय होता है। एक महिला भी फैलोपियन ट्यूब (fallopian tubes) को अवरुद्ध या गर्भाशय (uterus) में संरचनात्मक समस्याओं को उत्पन्न कर सकती है। ये स्थितियां शुक्राणु को अंडे से मिलने या निषेचित अंडे (fertilized egg) को गर्भाशय में स्थापित करने से रोक सकती हैं। इसके अतिरिक्त महिलाओं में हार्मोनल या जेनेटिक असामान्यताएं (genetic abnormalities) भी हो सकती हैं, जो बांझपन या बार-बार गर्भपात का कारण बनती हैं। यह भी पढ़ेें- तेजी से वजन कम करता है ‘पी प्रोटीन’, जानें इसके फायदे
पुरुष बांझपन के कारण - शुक्राणु कोशिकाओं (sperm cells) के साथ उत्पन्न कोई भी समस्या पुरुष बांझपन (Infertility) का कारण बन सकती है। शुक्राणु कोशिकाओं (sperm cells) से सम्बंधित कोई भी समस्या का निदान करने के लिए डॉक्टर शुक्राणु कोशिकाओं की संख्या, गतिशीलता और पुरुष द्वारा उत्पन्न सामान्य शुक्राणु कोशिकाओं के प्रतिशत का मापन कर सकता है।
इनमें से किसी भी प्रकार के कारक में असामान्यता पुरुष बांझपन (Infertility) का कारण बन सकती है। पुरुष बांझपन के कारण अलग-अलग होते हैं, लेकिन वे संरचनात्मक, हार्मोनल, अनुवांशिक और चिकित्सकीय कारणों से सम्बंधित हो सकते हैं।
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