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Written By: Yogita Yadav | Published : September 14, 2018 10:18 AM IST
शहरी क्षेत्रों में फैल रही इस बीमारी की जद में आ रहे हैं युवा। © Shutterstock
कुछ बीमारियां दस्तक नहीं देती, लेकिन अपना असर तब दिखाती हैं जब काफी बढ़ चुकी होती हैं। हाल में हुए एक शोध में ये बात सामने आई कि हड्डियों में कुछ समस्याएं तेजी से फैल रही हैं।
देश की राजधानी दिल्ली में हुए एक शोध में यह सामने आया कि 9 प्रतिशत लोग हड्डियों में पनपने वाली खामोश बीमारी कुख्यात ऑस्टियोपोरासिस पैर पसार चुकी है, जबकि लगभग 60 प्रतिशत लोगों में इससे पहले बनने वाली स्थति पाई गई, जिसे ऑस्टियोपेनिया कहते हैं।
लेकिन इसमें चौंकाने और चिंता करने वाली बात यह है कि यह बीमारी शहरों में सबसे ज्यादा पाई गई। यानि शहरों में ऑस्टिपोरोसिस की दर गांवों या छोटे शहरों की अपेक्षा काफी अधिक है।
नई दिल्ली के इंद्रप्रस्थ अपोलो अस्पताल के आथोर्पेडिक विभाग की ओर से आर्थराइटिस केयर फाउंडेशन (एसीएफ) के सहयोग से किए गए अध्ययन की रिपोर्ट में इस बात का खुलासा हुआ है।
38 से 68 साल के पुरुषों और महिलाओं पर किए गए अध्ययन से पता चला कि करीब 9 प्रतिशत लोग ऑस्टियोपोरोसिस से और 60 प्रतिशत लोग ऑस्टियोपेनिया से पीड़ित हैं जो हड्डियों की गंभीर बीमारी है।
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छींकने से भी हो सकता है फ्रेक्चर
ऑस्टियोपोरोसिस की स्थिति में हड्डियां इतनी कमजोर हो जाती हैं कि गिरने, झुकने, छींकने या खांसने पर भी हड्डियों में फ्रैक्चर हो सकता है। इस प्रकार के फ्रैक्चर सबसे ज्यादा कुल्हे की हड्डी, कलाई या रीढ़ की हड्डी में होते हैं।
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ऐसे करें बचाव