
प्रिया मिश्रा
प्रिया को पिछले 4 सालों से हेल्थ और लाइफस्टाइल विषयों पर लिखने का अनुभव है। इन्हें हेल्थ और ... Read More
Written By: priya mishra | Updated : September 13, 2023 9:21 AM IST
भारत में पहली बार वैज्ञानिकों को चिकनपॉक्स का एक नया वेरिएंट मिला है, जिसे क्लैड 9 कहा जाता है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, वैज्ञानिकों ने एक प्रयोगशाला में मंकीपॉक्स से पीड़ित संदिग्ध व्यक्तियों के सैंपल की जांच के दौरान इसकी पहचान की। बता दें कि जांच के दौरान वैज्ञानिकों को बफेलोपॉक्स और एंटरोवायरस के सैंपल भी मिले हैं। नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ वीरोलॉजी की एक रिपोर्ट के अनुसार, चिकनपॉक्स पहली बार भारत में varicella zoster virus (VZV) का कारण बन रहा है।
वैरीकेला जोस्टर वायरस को चिकनपॉक्स का वायरस कहते हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, वैरिकेला जोस्टर वायरस यूनाइटेड स्टेट, यूनाइटेड किंगडम और जर्मनी जैसे देशों में फैल चुका है। अभी तक भारत में इसके कई क्लैड मिल चुके हैं। लेकिन यह स्वरूप पहली बार मिला है। यह बच्चों और टीनेजर्स में चिकनपॉक्स होने का कारण माना जाता है। भारत में पहली बार साल 2023 में चिकनपॉक्स के क्लैड 9 की पुष्टि हुई है। इससे पहले इस वेरिएंट के क्लैड 1 और क्लैड 5 के मामले सामने आ चुके हैं।
इस वायरस के संपर्क में आने के 2 से 3 सप्ताह बाद शरीर पर दाने और चकत्ते दिखाई देते हैं। दाने निकलने से पहले रोगी को बुखार, शरीर में दर्द और सिरदर्द हो सकता है। इस स्थिति में हर समय थकान महसूस होने के साथ ही भूख भी कम हो सकती है। शरीर में ऐसे लक्षण दिखने पर आपके बिना देरी किए डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।
चिकनपॉक्स से बचाव का सबसे प्रभावी तरीका टीकाकरण है।
खाना बनाने से पहले और बाद में अपने हाथों को अच्छे से धोएं।
अगर आपको चिकनपॉक्स हो जाए, तो ऐसी स्थिति में खुद को आइसोलेट करना बेहतर होता है।
छींकते या खांसते समय अपने मुंह को ढंककर रखें ताकि दूसरे लोग आपसे संक्रमित न हों।
शरीर में तरल पदार्थों की कमी न होने दें। साथ ही, पौष्टिक और घर का बना ताजा आहार लें।
ऐसी स्थिति में खुजली करने से बचें साथ ही अपने आसपास साफ-सफाई बनाए रखें।
चिकनपॉक्स के लक्षण दिखने पर डॉक्टर से परामर्श लें।