नाखून चबाने की थी आदत, युवती का काटना पड़ा अंगूठा

अकसर अवसाद और तनाव में नाखून चबाने लगते हैं लोग, पर यह बन सकता है कैंसर का कारण।

WrittenBy

Written By: Yogita Yadav | Updated : September 10, 2018 10:23 AM IST

नाखून काटने की आदत घबराहट और‍ चिंता का साधारण संकेत है। पर क्‍या आप जानते हैं कि आम सी दिखने वाली यह आदत आपकी जिंदगी के लिए कितनी जोखिम भरी हो सकती है ? ब्रिस्बे, आस्‍ट्रेलिया की एक बीस वर्षीय छात्रा के लिए उसकी नाखून चबाने की आदत इतनी खतरनाक हो गई कि डॉक्‍टरों को उसका अंगूठा काटना पड़ा। सहपाठियों और अन्‍य लोगों से मिलने वाली डांट और फटकार के बाद के तनाव में कोर्टनी व्हिथॉर्न ने नेल बाइटिंग यानी नाखून चबाना शुरू किया था। पर अब उनकी इस आदत से उन्‍हें अंगूठे में एक दुर्लभ किस्‍म के कैंसर ने जन्‍म लिया। जिससे बचाने के लिए डॉक्‍टरों को उनका अंगूठा काटना पड़ा।

यह है मामला

ब्रिस्‍बेन, आस्‍ट्रेलिया की कोर्टनी व्हिथॉर्न की नेल बाइटिंग की आदत के कारण उनके अंगूठे में एक दुर्लभ किस्‍म का कैंसर हो गया। कोर्टनी व्हिथॉर्न ने देखा कि पिछले कुछ साल से उनका अंगूठे का अगला हिस्‍सा काला पड़ने लगा है। मेडिकल चेकअप के बाद उन्‍हें मालूम हुआ‍ कि उन्‍हें एक्रल लेंटिगिनस सुबंगुअल मेलानोमा (एएलएम) की बीमारी हो गई है। यह एक दुर्लभ किस्‍म का कैंसर है, जो त्‍वचा पर होता है। अमूमन यह पैर के नीचे तलवों में होता है, परंतु उनकी नेल बा‍इटिंग की आदत के कारण यह उनके हाथ के अंगूठे में हो गया है।

यह भी पढ़ें - दिल्‍ली एनसीआर में भूकंप के झटके, जानें कैसे करें इस दौरान अपनी हिफाजत

काटना पड़ा अंगूठा

नेल बाइटिंग के कारण कोर्टनी व्हिथॉर्न का अंगूठा काटना पड़ा। ताकि संक्रमण उनके शरीर के अन्‍य अंगों में न फैले। व्हिथॉर्न की अब तक चार सर्जरी हो चुकी हैं।

यह भी पढ़ें - हिमाचल में खुला किशोर मित्र स्‍वास्‍थ्‍य केंद्र, जानें क्‍या हैं इस उम्र की मुश्किलें

आखिरी सर्जरी के परिणामस्वरूप उनके अंगूठे के अगले हिस्‍से को काट दिया गया। अस्पताल की रिपोर्ट के अनुसार, यह कैंसर वापस लौटता है या नहीं, इसके‍ लिए अगले पांच साल कोर्टनी व्हिथॉर्न को चिकित्‍सकीय निरीक्षण में रहना होगा।

Add The Health Site as a Preferred Source Add The Health Site as a Preferred Source