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Written By: Kishori Mishra | Updated : August 20, 2020 10:36 PM IST
अंतरिक्ष में मौजूद बादल से आती रहस्मयी धड़कन, वैज्ञानिकों ने सुनी आवाज
Cloud Heartbeat : वैज्ञानिकों को अंतिरक्ष (Space) में होने वाली घटनाएं हैरान करती रहती है। अब वैज्ञानिकों को अंतरिक्ष में मौजूद माइक्रो क्वासर (Micro Quasar) और ब्लैकहोल (Black Hole) के बीच संबंध काफी हैरानी में डाल रहा है। वैज्ञानिकों ने हाल ही में गैस के बादल से रहस्यमयी गामा किरणों (Gama Rays) की धड़कन आती पाई है। अंतरिक्ष में मौजूद यह बादल ब्लैकहोल की लय पर धड़कता हुआ प्रतीत हो रहा है। इस ब्लैकहोल से यह बादल 100 प्रकाशवर्ष (Cloud Heartbeat) दूर है।
शोधर्ताओं के लिए यह दूरी काफी हैरान करने वाली हैं। उन्हें हैरान यह बात कर रही है कि किसी बादल की गामा किरणों की धड़कन एक ब्लैकहोल (Cloud Heartbeat) से संबंधित कैसे हो सकती है। रिसर्च में शोधकर्ताओं ने इस सिस्टम का 10 साल से अधिक समयों के आंकड़ों पर अध्ययन किया है। वैज्ञानिकों को ये सभी आंकड़े नासा के फर्मी गामा रे टेलीस्कोप से मिले हैं।
एक आरे और ब्लैकहोल के सिस्टम पर शोधकर्ता अपना अध्ययन कर रहे हैं, जिसे SS433 का नाम दिया गया है। ये हमारे मिल्की वे से करीब 15 हजार प्रकाशवर्ष दूरी पर स्थिति हैं। इस सिस्टम में एक बहुत ही विशाल तारा, जो सूर्य से करीब 30 गुना अधिक भार का है और इसमें एक ब्लैकहोल है, जिसका भार सूर्य से करीब 10 से 20 गुना अधिक है। ये दोनों एक दूसरे का चक्कर करीब 13 दिनों में लगा लेते हैं, जबकि ब्लैकहोल इस विशाल तारे के पदार्थ को अपनी ओर खींचने की कोशिश करता है।
Mysterious '#gamma-ray heartbeat' from a gas cloud 15,000 light years away that is powered by an orbiting black hole baffles scientists pic.twitter.com/8u2l44nMot
— Yazeid Hafith (@yazeidhafith) August 18, 2020
इस अध्ययन के बारे में शोधकर्ता जियान ली ने कहा, “यह सामग्री ब्लैकहोल के अंदर जाने से पहले एक्रीशन डिस्क में गिरती है। जैसे बाथटब की नाली में जाने से पहले पानी भंवर बनाता है, लेकिन पदार्थ का सारा हिस्सा ब्लैकहोल में नहीं जाता है, लेकिन एक संकरे जेट जरिए बहुत ही तेज गति से एक्रीशन डिस्क के ऊपर और नीचे की विपरीत दिशा में चला जाता है।”
162 दिनों तक ये जेट डोलते हुए दिखते हैं और एक लय बनाते हैं, जो बादल में गामा रे संकेतों में नजर आते हैं। इसी कारण यह एक अलग तरह का उत्सर्जन बन रहा है। जिसे देखकर ऐसा लगता है कि यह जेट की वजह से हो रहा है। वैज्ञानिक इसी लयात्मक संकेतों को धड़कन कह रहे हैं।
ली ने कहा, “इस तरह का अजीब सा और अस्पष्ट संबंध जो कि छोटे से क्वासर से 100 प्रकाशवर्ष दूर है और अस्थिर जेट की दिशा में भी नहीं हो वाकई अप्रत्याशित है, लेकिन अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि ब्लैकहोल इस गैस के बादल को धड़कन कैसे दे रहा है।
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