
साधना तिवारी
साधना तिवारी 15 वर्षों से मीडिया क्षेत्र में हैं। लगभग 9 वर्षों से अधिक समय से ZEE ग्रुप के साथ जुड़ी हुई ... Read More
Written By: Sadhna Tiwari | Updated : March 3, 2023 10:46 AM IST
Man dies due to brain eating amoeba: नल के पानी का इस्तेमाल करने के बाद एक व्यक्ति की मौत हो गयी। पानी के साथ बैक्टेरिया इस व्यक्ति के दिमाग तक पहुंच गया और धीरे-धीरे उस व्यक्ति के दिमाग को खाने लगा। डॉक्टरों के अनुसार, ब्रेन इटिंग अमीबा (brain eating amoeba) बैक्टेरिया के कारण ही इस व्यक्ति की मौत हो गयी। यह घटना अमेरिका के फ्लोरिडा की है। मिली जानकारी के अनुसार, इस व्यक्ति ने नल के पानी से अपनी नाक की सफाई की थी। पानी में बैक्टेरिया मौजूद था जो ब्रेन तक पहुंचकर उसे नुकसान पहुंचाने लगा। उसके बाद व्यक्ति ब्रेन-ईटिंग अमीबा के कारण दुर्लभ लक्षण दिखायी दिए और उसकी वजह से उस व्यक्ति की मृत्यु हो गई। पीड़ित व्यक्ति की मृत्यु सोमवार को हो गई। ( Man dies due to brain eating amoeba in Hindi.)
समाचार एजेंसियों के अनुसार, इस तरह का संक्रमण बहुत दुर्लभ होता है। नल के पानी में नेग्लेरिया फाउलेरी (Naegleria Fowleri) नामक अमीबा (amoeba) पाया जाता है जिसकी वजह से यह संक्रमण हुआ। हालांकि, डॉक्टर अभी भी इस मामले की जांच कर रहे हैं।
नेग्लेरिया फाउलेरी (Naegleria Fowleri) अमीबा पानी में मौजूद- एकल-कोशिका वाला बैक्टेरिया है। यह, नाक के रास्ते दिमाग तक पहुंचता है। यह अमीबा नदी, तालाब और झील के पानी में पाया जाता है और लम्बे समय तक एक्टिव रहता है। वहीं, कई बार यह बैक्टेरिया पानी की पाइप के जरिए नल में पहुंच जाता है और इस पानी का इस्तेमाल करने वाले लोगों को संक्रमण का खतरा बन सकता है।
एक्सपर्ट्स के अनुसार, नेग्लेरिया फाउलेरी (Naegleria Fowleri) संक्रमण होने के बाद मरीज में लक्षण दिखने में 12 दिन तक का भी समय लग सकता है। वहीं, कुछ मरीजों में एक दिन बाद से ही लक्षण दिखायी दे सकते हैं। इन लक्षणों में इस तरह की समस्याएं होती हैं-