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Written By: Yogita Yadav | Updated : August 8, 2018 11:18 AM IST
तमिलनाडु में डीएमके प्रेजिडेंट एम. करुणानिधि की का मंगलवार को निधन हो गया। चेन्नै के कावेरी अस्पताल के डॉक्टरों के मुताबिक मंगलवार शाम उन्होंने अंतिम सांस ली।
चेन्नई के कावेरी अस्पताल में करुणानिधि (94) 28 जुलाई से भर्ती थे। उन्हें पेशाब नली में संक्रमण और दिल की गति कम होने के कारण अस्पताल में भर्ती कराया गया था। करुणानिधि के स्वास्थ्य का जायजा लेने के लिए देशभर के बड़े नेताओं ने अस्पताल का दौरा किया। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी भी करुणानिधि का हाल जानने के लिए चेन्नई रवाना हुए थे।
दिन भर करुणानिधि की सेहत का हाल जानने वालों का तांता लगा रहा। उधर बाहर उनके प्रशंसक उनके िलिए दुआ करते रहे। पर ईश्वर को कुछ और ही मंजूर था। लंबे समय से बीमार करुणानिधि ने मंगलवार शाम अंतिम सांंस ली। यह खबर मिलते ही उनके प्रशंसकों को संभालना मुश्किल हो रहा था।
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एक सफल राजनेता होने के साथ साथ करुणानिधि एक बेहतरीन लेखक भी रहे। अपनेे जीवनकाल में वे 100 से भी ज्यादा किताबें लिख चुके थे।
डीएमके चीफ करुणानिधि का तमिलनाडु की राजनीति में कद काफी बड़ा रहा है। इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि वह 1969-71, 1971-76, 1989-91, 1996-2001 और 2006-2011 तक 5 बार तमिलनाडु के CM रह चुके हैं।
डीएमके नेता और करुणानिधि की बेटी कनिमोझी ने कावेरी अस्पताल के बाहर इकट्ठा हुए लोगों से मुलाकात की थी। करुणानिधि के देहांत से दक्षिण की राजनीति ही नहीं देश भर में उनके प्रशंसकों में शोक की लहर दौड़ गई है।
चित्र स्रोत: File Photo.
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