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बोतलबंद पानी में प्लास्टिक कण मिलना घातक : डॉ. अग्रवाल

पानी के 93 प्रतिशत नमूनों में प्लास्टिक के कण पाये गये

हार्ट केअर फाउंडेशन ऑफ इंडिया (एचसीएफआई) के अध्यक्ष एवं पद्मश्री डॉ. के के अग्रवाल ने कहा कि बोतलबंद पानी का अर्थ है दुनिया भर के लोगों के लिए सुरक्षा और सुविधा। ऐसे समय में जब जन-स्वास्थ्य चिंता का एक बड़ा विषय बना हुआ है, पेयजल में प्लास्टिक का पाया जाना, एक गंभीर मामला है। डा. अग्रवाल ने कहा, "एक बोतल में 10,000 तक बारीक प्लास्टिक कणों का मिलना लंबे समय में, स्वास्थ्य की दृष्टि से बेहद घातक हो सकता है। इससे जो खतरे सामने आ सकते हैं, उनमें कैंसर से लेकर एडीएचडी और शुक्राणुओं की घटती संख्या से लेकर नवजात शिशुओं तक की समस्याएं शामिल हैं। यह एक ऐसी स्थिति है जिसका शीघ्र समाधान करने की आवश्यकता है।"

पानी के 93 प्रतिशत नमूनों में प्लास्टिक के कण पाये गये। प्लास्टिक के ये महीन कण नायलॉन, पॉलीएथिलिन टेरेफ्थेलेट (पीईटी) और पॉलीप्रोपीलीन के थे, जो बोतल के ढक्कन बनाने में उपयोग होती हैं।

नौ देशों में किए गए शोध में संकेत मिला है कि दुनिया के प्रमुख ब्रांडों के बोतलबंद पानी में प्लास्टिक के महीन कण मौजूद रहते हैं, जो संभवत: पैकिंग की प्रक्रिया के दौरान पानी में मिल जाते हैं। अध्ययन में प्लास्टिक का यह प्रदूषण बड़े पैमाने पर मिला, जिसके लिए पानी के नमूने ब्राजील, चीन, भारत, इंडोनेशिया, केन्या, लेबनान, मैक्सिको, थाईलैंड और अमेरिका से लिए गये। इन देशों में विभिन्न स्थानों से 250 बोतलें खरीदी गयीं और फिर उनके पानी का परीक्षण किया गया।

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डॉ. अग्रवाल ने आगे बताया, "जानवरों के पेट में प्लास्टिक कचरा एकत्रित हो जाना, प्लास्टिक प्रदूषण के सबसे खतरनाक परिणामों में से एक है। कई वर्षो तक यह प्लास्टिक शरीर में मौजूद रहने पर हानिकारक रसायनों का स्राव कर सकती है और यह छोटे टुकड़ों मंे तब्दील हो जाती है, जिससे एक जानवर को भारी तकलीफ और असुविधा हो सकती है। उनकी मृत्यु के बाद, शरीर विघटित हो सकता है, लेकिन प्लास्टिक के टुकड़े बरकरार रहते हैं, जो अन्य जानवरों तथा इंसानों के लिए खतरा पैदा कर सकते हैं।"

एचसीएफआई का सुझाव : अगर एक मनुष्य अपने पूरे जीवनकाल में पुन: इस्तेमाल होने लायक थैले का प्रयोग करने लगता है, तो यह हमारे ग्रह से करीब 24 हजार प्लास्टिक थैलों को चलन से बाहर कर देगा। पानी के लिए प्लास्टिक की बोतलों की बजाय धातु या पुन: प्रयोग लायक कंटेनर इस्तेमाल करना एक अच्छा विचार हो सकता है। इससे न केवल पर्यावरण सुरक्षित रहेगा, बल्कि मानव स्वास्थ्य के लिए भी यह अच्छा रहेगा। सभी लोगों के लिए यह बेहतर होगा कि इस बारे में जागरूकता बढ़ाएं। यह तय करना हम पर ही निर्भर करता है कि भविष्य की पीढ़ियों के लिए हम किस तरह की दुनिया छोड़ना चाहते हैं।

स्रोत: IANS Hindi.

चित्रस्रोत: Shutterstock.

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