
मुकेश शर्मा
मुकेश शर्मा दिल्ली यूनिर्विसिटी से जर्नलिज्म डिग्री होल्डर हैं और पिछले 8 साल से Health Journalism से जुड़े हुए ... Read More
Written By: Mukesh Sharma | Published : August 7, 2022 6:53 PM IST
कोरोना और मंकीपॉक्स जैसी बीमारियों ने लोगों को पहले ही टेंशन में डाला हुआ था। लेकिन अब एक ऐसा मामला सामने आया है, जो एक्सपर्ट्स को भी टेंशन में डाल सकता है। तरह-तरह के वायरस व बैक्टीरिया के इंफेक्शन होने वाली मोतौं के बारे में तो आपने सुना ही होगा, लेकिन यह मामला थोड़ा अजीब था। दरअसल इजराइल के रहने वाले एक 36 वर्षीय व्यक्ति के दिमाग को अमीबा खा गया और इस कारण से उसकी मौत हो गई। चौंकाने वाली बात तो ये है कि मरने वाले व्यक्ति को किसी प्रकार की बीमारी नहीं थी, लेकिन फिर भी उसकी मौत हो गई। हालांकि, एक्सपर्ट्स की टीम इसके पीछे के कारण का पता लगाने में जुटी हुई है। इस अमीबा को ब्रेन-ईटिंग अमीबा कहते हैं, जो सीधे मस्तिष्क सीधे मस्तिष्क पर ही अटैक करता है। यह अमीबा कहां होता है और कैसे शरीर में जाता है इन सभी बातों का पता लगाना है।
इजराइल के इस व्यक्ति की मौत ब्रेन-ईटिंग अमीबा के कारण हुई है, इसकी स्वास्थ्य मंत्रालय ने भी की है। स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि जिस व्यक्ति की मौत हुई है, उसे कोई बीमारी नहीं थी बल्कि अमीबा ने उसके दिमा को खा लिया था, इस कारण से उसकी मौत हुई है। उसकी मौत उसकी मौत नेग्लेरियासिस से हुई, जिसे प्राइमरी अमीबिक मेनिंगोएनसेफेलाइटिस (PAM) के रूप में भी जाना जाता है, जो मस्तिष्क का एक दुर्लभ, व घातक संक्रमण है। इजराइल युवक के सैंपल को जांच के लिए अमेरिका के सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन भेजा है।
डॉक्टरों की मानें तो ब्रेन ईटिंग अमीबा मीठे पानी व स्थिर जल स्रोतों में पाया जाता है। इजराइल में इस मामले के बाद संभावित क्षेत्रों की जांच की जा रही है, ताकि जल्द से जल्द स्रोत का पता लगाकर उसे दूसरे लोगों को फैलने से रोक दिया जाए।
एक्सपर्ट्स की मानें तो अमीबा दिमाग तक नाक के माध्यम से पहुंचता है। दिमाग तक पहुंच कर यह संक्रमण फैलाना शुरू कर देता है और फिर धीरे-धीरे व्यक्ति को निम्न लक्षण महसूस होने लगते हैं -