फल और सब्ज़ी मानसिक स्वास्थ्य के लिए क्यों ज़रूरी होता है?

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Written By: Mousumi Dutta | Updated : October 9, 2014 6:47 PM IST

फल और सब्ज़ी विटामिन, मिनरल, कार्बोहाइड्रेड का सबसे अच्छा स्रोत होता है। जो सम्मिलित रूप से मानसिक स्वास्थ्य को लाभ पहुँचाने में पूरी तरह से मदद करते हैं। मस्तिष्क को निरंतर ऊर्जा की ज़रूरत होती है, जो फल और सब्ज़ी का संतुलित मात्रा में सेवन करने से ही प्राप्त हो सकता है। इसलिए आप प्रतिदिन अपने खाद्दों में अलग-अलग रंग के फल और सब्ज़ियों को शामिल करें ताकि विटामिन, मिनरल, फाइटोकैमिकल्स, एंटीऑक्सिडेंट्स, एमिनो एसिड, प्रोटीन के द्वारा मस्तिष्क को पूरी तरह से ऊर्जा मिल सके।

एक अध्ययन के अनुसार आप अपने आहार में फल और सब्ज़ी को जितना शामिल करेंगे उतना ही शारीरिक स्वास्थ्य के साथ मानसिक स्वास्थ्य को भी लाभ पहुँचेगा। अध्ययन के अग्रणी लेखक और ब्रिटेन के वार्विक विश्वविद्यालय के सावेरिओ स्ट्रैंगेज ने कहा, ‘आंकड़े बताते हैं कि जो व्यक्ति अधिक मात्रा में फल सब्जी खाते हैं उनके मानसिक स्वास्थ्य बिगड़ने का खतरा उतना ही कम होता जाता है’। इंग्लैंड के लिए स्वास्थ्य सर्वेक्षण के तौर पर ब्रिटेन में 16 वर्ष से ऊपर की अवस्था के 14000 भागीदार शामिल किए गए। इनमें से 56 प्रतिशत महिलाएं और 44 प्रतिशत पुरुषों को लिया गया।

अध्ययनकर्ताओं ने पाया कि अत्यंत बेहतर मानसिक स्वास्थ्य वाले 33.5 प्रतिशत प्रतिभागी रोजाना पांच या उससे ज्यादा भाग फल एवं सब्जी खाते हैं इसके मुकाबले केवल 6.8 प्रतिशत लोग एक हिस्से से भी कम खाते हैं। जहां 31.4 प्रतिशत बेहतर मानसिक स्वास्थ्य वाले तीन से चार हिस्सा और 28.4 प्रतिशत एक से दो हिस्सा फल एवं सब्जी खाते हैं।

स्ट्रैंगेज ने कहा, ‘इन बेहतर निष्कर्षो से यह पता चलता है कि फल एवं सब्जी न केवल शारीरिक स्वास्थ्य के लिए बेहतर कारक की भूमिका निभाते हैं, बल्कि आम लोगों के मानसिक स्वास्थ्य में भी इनकी भूमिका प्रमुख है’। मानसिक रूप से कमजोर होना भी मानसिक बीमारी का लक्षण होता है। लेकिन मानसिक रूप से अच्छा होना पूर्ण रूप से स्वस्थ होने का लक्षण नहीं होता है बल्कि जब आप खुशी का अनुभव करेंगे, आशावादी होंगे,आत्मविश्वासी होंगे, एक-दूसरे के साथ अच्छी तरह रिश्ता बना पायेंगे, किसी भी काम को पूरे आत्मविश्वास के साथ पूरा कर पायेंगे तभी आप मानसिक रूप से स्वस्थ माने जायेंगे।

फल और सब्ज़ियों में पौष्टिकता संक्षिप्त रूप से कुछ इस प्रकार होता है-

विटामिन सी- ब्रोक्ली, फूलगोभी, बंदगोभी, पालक, आम ,पपीता आदि के साथ खट्टे फलों में पाया जाता है।

विटामिन ई और डी- गाजर, टमाटर, मशरूम, आदि में पाया जाता है।

मैग्नीशियम- बीटरूट, पालक, लहसुन, फूलगोभी, गाजर, सेब, संतरा आदि में पाया जाता है।

आयरन- बंदगोभी, गाजर, ब्रोक्ली, स्ट्रॉबेरी, फूलगोभी, पारस्ले आदि में पाया जाता है।

पोटाशियम- पालक, लहसुन, गाजर, मूली, बंदगोभी और फूलगोभी आदि में पाया जाता है।

कैल्सियम- पालक, ब्रोक्ली, संतरा, गाजर आदि में पाया जाता है।

सिलीनीयम- लहसुन, संतरा, मूली, गाजर, अंगूर, बंदगोभी में पाया जाता है।

अब तो यह प्रमाणित हो चुका है कि फल और सब्ज़ियों में लगभग सभी प्रकार की पौष्टिकताएं होती है इसलिए स्वस्थ मानसिक स्वास्थ्य के लिए फल और सब्ज़ी खाना कितना ज़रूरी होता है। 

 चित्र स्रोत: Getty Images

स्रोत: IANS Hindi

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