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Written By: Jitendra Gupta | Published : January 25, 2023 11:11 AM IST
तेल, चावल, दूध के पैकेट तभी खरीदें जब दिखे ये वाला लोगो, जानें FSSAI के किस नियम के बाद बदलेगा आपका खान-पान
अगर आप बाजार से कोई भी चीज खरीदते वक्त उसका लेबल नहीं पढ़ते हैं तो आप अपनी सेहत के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। जी हां, इस बात को लेकर गंभीरता दर्शाता हुए सरकार ने एक अभियान चलाने का फैसला किया है, जो आपकी सेहत को सुधारने में मदद करेगा। दरअसल पैक्ड फूड पर लिखी जानकारियों को नजरअंदाज करने से आपके स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है, जिसे सुधारने के लिए फूड सेफ्टी एंड स्टैनडर्ड ऑथोर्टी ऑफ इंडिया (FSSAI)ने फूड फोर्टिफिकिशेन अनिवार्य कर दिया है।
इस फूड फोर्टिफिकेशन के अंतर्गत अब तेल, दूध, चावल जैसी जरूरी चीजों के पैकेट पर नीले रंग का +F लोगो लगा हुआ दिखाई देगा। आइए जानते हैं इस लोगो से जुड़ी कुछ जरूरी जानकारियां।
जानकारी के मुताबिक, फूड फोर्टिफिकेशन के माध्यम से लोगों में मौजूद जरूरी पोषक तत्वों की कमी को दूर किया जा सकता है। दरअसल फूड फोर्टिफिकेशन, एक किफायती, माप योग्य और समग्र वैश्विक हल है। भारत में तेजी से बढ़ रही जरूरी पोषक तत्वों की कमी के मद्देनजर गेंहू के आटे, चावल जैसे खाद्य उत्पादों में आयरन, विटामिन बी12, फोलिक एसिड, दूध और खाने के तेल में विटामिन ए और डी के साथ-साथ आयोडीन और आयरन के साथ डबल फोर्टिफाइड नमक को फोर्टिफाइड करने के लिए ये नियम बनाया गया है। ‘+F लोगो के माध्यम से फोर्टिफाइड फूड्स की पहचान करने में मदद मिलेगी।
एक रिपोर्ट के मुताबिक, फूड्स को फोर्टिफाइड करने से देश में विटामिन और मिनरल्स की कमी को दूर करने में मदद मिलेगी और ये कई विकासशील देशों के लिए फायदेमंद हो सकती है। बता दें कि 2015 में 58 देश पहले ही फोलिक एसिड को अनिवार्य कर चुके हैं और आटे को फोर्टिफिकेशन की मदद से 13.2 फीसदी तक तंत्रिका नली दोष के खतरे को रोक चुके हैं।
फोर्टिफिकेशन की मदद से ज्यादा से ज्यादा माइक्रोन्यूट्रिएंट को अपनी डाइट में शामिल कर विटामिन और मिनरल इनटेकको बढ़ाना है। फोर्टिफिकेशन दरअसल एक आर्थिक हस्तक्षेप है, जो फ्लेवर और उसे पकाए जाने की क्षमता को प्रभावित किए बिना खाने में किसी प्रकार का कोई बदलाव नहीं लाता है।
फोलिक एसिड, विटामिन बी6, विटामिन ए, विटामिन बी12, कैल्शियम, विटामिन ई, विटामिन डी, आयरन और आयोडीन कुछ ऐसे पोषक तत्व हैं जिन्हें आमतौर पर फोर्टीफाइड फूड्स में मिलाया जाता है।