
रश्मि उपाध्याय
रश्मि उपाध्याय साल 2014 से मीडिया क्षेत्र से जुड़ी हैं और TheHealthSite.Com में बतौर एडिटर काम कर रही हैं। इन्हें ... Read More
Written By: Rashmi Upadhyay | Published : July 23, 2020 10:07 AM IST
FDA की चेतावनी, अंधेपन का कारण बन सकते हैं कुछ सेनिटाइज़र
कोरोनावायरस के इस दौर में खुद को संक्रमण से बचाने के लिए सेनिटाइजर एक बहुत बड़ी भूमिका निभा रहा है। तमाम डॉक्टर्स और एक्सपर्ट भी इस बात पर जोर देते रहे हैं कि समय समय पर हाथों में सेनिटाइजर लगाकर संक्रमित होने से खुद को बचाया जा सकता है। इसी बीच, FDA की ओर से आई एक नोटिफिकेशन में कहा गया है कि कुछ सेनिटाइजर अंधेपन का कारण बन सकते हैं। दरअसल, फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (FDA) कहता है कि सेनिटाइजर में एल्कोहल होता है जो डिसिन्फेक्टन्ट का काम करता है। लेकिन FDA ने चेतावनी देते हुए कहा है कि कुछ सेनिटाइजर ऐसे भी हैं तो अंधेपन का कारण बन सकते हैं। इन सेनिटाइजर में मौजूद टॉक्सिंस एल्कोहल अंधेपन के साथ ही कई अन्य स्वास्थ्य समस्याओं को भी जन्म दे सकते हैं।
इस समय दुनिया भर में कोरोना महामारी के चलते सेनिटाइजर की मांग कई गुना बढ़ गई है। ऐसे में लोग सेनिटाइजर के नाम पर जो भी मिल रहा है उसे खरीद रहे हैं। इसलिए, FDA ने चेतावनी दी है कि इथेनॉल (एथिल अल्कोहल) के रूप में लेबल किए गए कुछ हेंड सेनिटाइज़र ने मेथनॉल की सकारात्मक पुष्टि हुई है, जिसे 'वुड अल्कोहल' के रूप में भी जाना जाता है। वास्तव में, एफडीए ने एक रिकॉल सूची भी तैयार की है, जिसमें कुछ 69 हैंड सेनिटाइजर ऐसे हैं जो उन्होंने उपभोक्ताओं को उपयोग न करने की सलाह दी है। इस लिस्ट में 15 जुलाई को दो और सेनिटाइजर को जोड़ा गया था। 2 जुलाई को, FDA कमिश्नर स्टीफन एम हैन, एमएड ने एक बयान में कहा था: “उपभोक्ताओं और लोगों को हेल्थ केयर देने वाले लोगों को हैंड सेनिटाइजर में मेथनॉल का उपयोग नहीं करना चाहिए। उन्होंने आगे कहा कि हैंड सेनिटाइजर बनाने वाली कंपनी को अपने प्रॉडक्ट की कई स्तर पर जांच के बाद ही इसे मार्किट में लाना चाहिए।
कई अंतरराष्ट्रीय स्वास्थ्य रिपोर्टों के अनुसार, यदि आप लोकल या टॉक्सिंस कैमिकल वाले सैनिटाइज़र का यूज़ करते हैं तो आपको मतली, उल्टी, सिरदर्द, अंधापन और दौरे पड़ने जैसे लक्षण तक झेलने पड़ सकते हैं। यह कहा जाता है कि इथेनॉल एकमात्र एल्कोहल है सेनिटाइजर में इस्तेमाल किया जा सकता है क्योंकि इससे विपरित रिजल्ट मिलने की संभावना बहुत कम होती है। यही कारण है कि CDC (सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन) ने भी इस बात पर जोर दिया है कि जिसमें 60 प्रतिशत तक इथेनॉल होता है केवल उन्हीं सेनिटाइजर का इस्तेमाल करना चाहिए।
लेकिन, मेथनॉल बहुत सस्ता है, यही कारण है कि शायद कुछ अनुभवहीन रसायनज्ञ इसका इस्तेमाल खतरनाक हैंड सैनिटाइज़र बनाने के लिए करते हैं। इसलिए एफडीए ने चेतावनी देते हुए कहा है कि आपको यह ध्यान देना चाहिए कि आपका शरीर सेनिटाइजर का इस्तेमाल करने के बाद कैसी प्रतिक्रिया दे रहा है। FDA ने यह भी कहा कि यदि कोई भी हैंड सैनिटाइज़र कहता है कि यह "FDA-अप्रूव्ड" है, तो उसमें आपको एक रेड फ्लेग (लाल झंडा) दिखेगा। क्योंकि कोई भी हैंड सैनिटाइज़र सीधे FDA द्वारा अप्रूव्ड नहीं है, ऐसे में आप प्रसिद्ध और प्रतिष्ठित ब्रांड्स का चयन कर सकते हैं।