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Written By: Agencies | Updated : August 24, 2017 9:59 AM IST
ब्लड कैंसरहो या कोई भी कैंसर हो उसको लोग डेथ वारंट के तौर पर लेने लगते हैं। लेकिन विकसित तकनिक और उपचार के पद्धति के उन्नत होने के कारण अगर इस बीमारी को प्रथम चरण पर ही सही तरह से उपचार किया गया तो ठीक होने की संभावना रहती है। हाल के एक रिसर्च से ये पता चला है कि अगर ब्लड कैंसर के उपचार के दौरान आप विटामिन सी का सेवन नियमित तौर पर करते हैं तो कैंसर के सेल्स के विकसित होने का प्रतिशत कम होने लगता है।
विटामिन-सी की रोजाना खुराक में वृद्धि घातक रक्त कैंसर (ल्यूकेमिया) के विकास को रोकने में उपयोगी साबित हो सकती है। पिछले शोधों पता चला है कि कि एस्कॉर्बेट (विटामिन-सी) के निचले स्तर वाले लोगों में कैंसर का अधिक जोखिम हो सकता है, लेकिन इनके कारणों पूरी तरह से स्पष्ट नहीं हुए हैं। इस नए शोध से पता चला है कि स्टेम कोशिकाएं (मूल कोशिकाएं) असामान्य रूप से विटामिन-सी के उच्च स्तर को अवशोषित करती हैं और सेल फंक्शन को नियंत्रित कर ल्यूकेमिया के विकास को रोकती हैं।
यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्सास साउथवेस्टर्न मेडिकल सेंटर के मिचेलिस एगाचोसीलस ने बताया, "स्टेम सेल डीएनए पर कुछ रासायनिक संशोधनों के प्रचुरता को विनियमित करने के लिए विटामिन-सी का उपयोग करते हैं, जो एपीजिनोम का हिस्सा हैं।"
उन्होंने कहा, "एपिजेनोम एक कोशिका के अंदर के तंत्र का एक समूह है, जो जीन को चालू रखने और बंद करने की प्रक्रिया को नियंत्रित करता है। इसलिए जब स्टेम कोशिकाओं को पर्याप्त विटामिन-सी नहीं मिलता है, तो एपिजीनोम एक तरह से क्षतिग्रस्त हो जाता है, जिससे न केवल स्टेम सेल फंक्शन बढ़ जाता है, बल्कि यह ल्यूकेमिया का खतरा भी बढ़ा सकता है।"
यह शोध 'नेचर' पत्रिका में प्रकाशित हुआ है।
सौजन्य: IANS Hindi
चित्र स्रोत: Shutterstock