
साधना तिवारी
साधना तिवारी 15 वर्षों से मीडिया क्षेत्र में हैं। लगभग 9 वर्षों से अधिक समय से ZEE ग्रुप के साथ जुड़ी हुई ... Read More
Written By: Sadhna Tiwari | Published : October 4, 2020 10:36 PM IST
Coronavirus New Symptoms: कोरोना वायरस महामारी के बारे में दिन-ब-दिन नयी जानकारियां सामने आ रही हैं। वहीं, कोविड-19 के मामलों में एक बार फिर से बहुत तेज़ उछाल देखा जा रहा है। कोरोना वायरस महामारी ने पूरी दुनिया में जहां 3 करोड़ से अधिक लोगों को प्रभावित किया है वहीं, भारत में भी 65 लाख से अधिक कोरोना वायरस के मामले सामने आ चुके हैं। कोविड-19 के इतने मामलों के सामने आने की एक बड़ी वजह है कोविड-19 टेस्टिंग में तेज़ी । कोरोना वायरस संक्रमण की पहचान के लिए इसके लक्षणों को पर ध्यान देने और उनकी समय पर पहचानना आवश्यक है। (Coronavirus Symptoms)
एक्सपर्ट्स के अनुसार कोविड-19 इंफेक्शन के कुल 15 विभिन्न लक्षण हैं। जिनके आधार पर लोग खुद के कोविड-19 संक्रमण की जांच करा सकते हैं। कोरोना वायरस के लक्षणों में सर्दी-खांसी, बुखार, गले में दर्द और डायरिया हैं। इसीलिए, कोविड-19 की टेस्टिंग इन्हीं लक्षणों के आधार पर किया जाता है। लेकिन, एक्सपर्ट्स के अनुसार इन लक्षणों को कोविड-19 का सही लक्षण (covid-19 symptoms) नहीं माना जा सकता। गंध और स्वाद नहीं समझ पाना ही कोविड-19 का सबसे अहम लक्षण है। (Covid-19 New Symptoms)
यूनिवर्सिटी कॉलेज ऑफ लंदन के मेडिसिन डिपार्टमेंट की एक हालिया रिसर्च के मुताबिक, कोविड-19 संक्रमण में महक यानि गंध ना समझ पाना (Loss of Smell) और स्वाद ना समझ पाने की क्षमता कम हो जाने (Loss of Taste) की समस्या ही सबसे विश्वसनीय संकेत माना जाता है। ब्रिटेन में साइंटिस्ट ने एक रिसर्च में यह दावा किया है कि दुनिया के अलग-अलग देशों में कोरोना से संक्रमित लोगों में ये दोनों ही समस्याएं अधिक देखी गयी। (Coronavirus New Symptoms updates)
एक्सपर्ट्स ने 23 अप्रैल से 14 मई की अवधि में सामने आए कोविड-19 केसेस का अध्ययन किया। यह वह दौर है जब लंदन में संक्रमण के मामले बहुत अधिक गति से बढ़ रहे थे। इकट्ठा किए गए आंकड़ों पर ध्यान देने के बाद रिसर्चर्स ने पाया कि-
गौरतलब है कि अमेरिका, ब्रिटेन और चीन जैसे बड़े देश अपने देश में कोरोना की दूसरी लहर यानि सेकेंड वेव आने की आशंका जतायी है।एक्सपर्ट्स की राय है कि इन लक्षणों को गम्भीरता से लेने की आवश्यकता है और इनपर ध्यान देकर ही कोरोना वायरस महामारी की दूसरी लहर (Second Wave of Coronavirus) से बचने में सहायता हो सकती है।