
साधना तिवारी
साधना तिवारी 15 वर्षों से मीडिया क्षेत्र में हैं। लगभग 9 वर्षों से अधिक समय से ZEE ग्रुप के साथ जुड़ी हुई ... Read More
Coronavirus Cases in India: भारत में कोरोना वायरस के मामले 95 लाख के पार पहुंच चुके हैं। स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, देश में पिछले 24 घंटों में कोरोनावायरस के 35,551 नए मामलों की पुष्टि हुई है। इन नयी मामलों को जोड़कर भारत में कोरोना वायरस के कुल मामलों की संख्या 95,34,964 हो गई है। (Coronavirus Cases in India)
गुरुवार को केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने देश में कोरोना वायरस मामलों से जुड़े ये आंकड़ें सार्वजनिक किए। इन आंकड़ों के अनुसार, देश में पिछले 24 घंटों में कोविड-19 से 526 और लोगों की म़त्यु हो गई, जिसके बाद देश में कोविड-19 से कुल मृत्यु का आंकड़ा 1,38,648 हो गया। फिलहाल देश में कोविड-19 के 4,22,943 सक्रिय मरीज हैं, जबकि 89,73,373 मरीज इससे उबर चुके हैं। पिछले 24 घंटों में 40,726 मरीजों को अस्पतालों से छुट्टी दी गई। (Coronavirus Cases in India)
इसी बीच वैश्विक महामारी कोविड-19 पर एक विशेष चर्चा सत्र का आयोजन किया गया। इस सत्र में संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के अध्यक्ष वोल्कन बोजकिर, सहित कई देशों के प्रतिनिधी हिस्सा लेगें। कोविड-19 महामारी को लेकर शुक्रवार को महासभा के 31वें विशेष सत्र का आयोजन हो रहा है जिसकी मेजबानी स्वयं बोजकिर (Volcan Bozkir) करेंगे।
समाचार एजेंसी सिन्हुआ की एक रिपोर्ट के अनुसार, यूएनजीए ने एक प्रेस विज्ञप्ति में बुधवार को कहा कि " कोरोना वायरस की वजह से दुनिया में 15 लाख लोगों की मृत्यु हो गयी, 6.2 करोड़ लोगों को यह संक्रमण हुआ। कोविड-19 महामारी इतिहास की अब तक के सबसे बड़े सामाजिक और आर्थिक संकटों में से एक है। इसीलिए, कोविड-19 पर नियंत्रण और इससे उबरना अंतर्राष्ट्रीय प्राथमिकता है।"
अपने बयान में बोजकिर ने कहा, "कोविड-19 एक वैश्विक संकट है। इसने संरचनात्मक असमानताओं का खुलासा किया और हमारे समाजों के सबसे कमजोर सदस्यों को प्रभावित किया। विशेष सत्र हमें कोविड-19 को मात देने के लिए एक साथ आने का मौका देगा। वैश्विक स्तर पर इससे उबरने के लिए अरबों डॉलर बहाए जा रहे हैं। इस समय दुनिया विश्व नेतृत्व के लिए संयुक्त राष्ट्र की ओर देख रहा है, यह बहुपक्षवाद के लिए एक परीक्षा है। मुझे विश्वास है कि महासभा एक रास्ते को आगे बढ़ाने में सक्षम होगी और हमारी सेवा लोगों की पीड़ा को खत्म करेगी।"
दो दिवसीय विशेष सत्र में गुरुवार को आम बहस होगी और इसमें विशेषज्ञों, संयुक्त राष्ट्र एजेंसियों और प्रमुख वैज्ञानिकों के साथ संवाद होंगे।