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Written By: Rahul Kumar | Updated : May 2, 2014 3:15 PM IST
राहुल कुमार द्वारा अनुदित
कोल्ड और कफ़ सिर्फ जाड़े में होने वाली मुसीबत नहीं है बल्कि पूरे साल में कभी भी आप इसका शिकार बन सकते हैं और यह आपको बुरी तरह पछाड़ सकता है। हम आपको कुछ घरेलू नुस्खे बताने जा रहे हैं जिन्हें शुरुआती असर के दौरान ही इस्तेमाल करके कोल्ड और कफ़ से पीछा छुड़ाया जा सकता है। (पढ़िए : तुलसी दिलाएगी साइनसाइटिस से छुटकारा )घर में हमेशा लहसुन रखें अपने ताकतवर एंटी-ऑक्सीडेंट के कारण लहसुन कोल्ड और कफ़ के खिलाफ बेहद असरदार साबित होता है। अगर आपको कान में हल्का-सा दर्द महसूस हो तो मुमकिन है यह ठण्ड के कारण रक्त में हुए जमाव का नतीजा हो। ऐसी स्थितयों के लिए, लहसुन के एक पोट को हल्का क्रश करके एक साफ़ सूती कपड़े में लपेटकर कान में रख लें, पर ध्यान रहे उसे इतना अन्दर न रखें कि चूकवश वह कान के बहुत अंदर चला जाए। कफ़ और कोल्ड के लिए लहसुन के 4-5 पोट लें, उन्हें हल्का क्रश करें और थोड़ी सी घी में तलकर खा लें। इसके अलावा आप लहसुन के चार पोट, दो टमाटर और एक नींबू का जूस भी बना सकते हैं जो न सिर्फ स्वादिष्ट होगा बल्कि जीवाणु और विषाणु-रोधी पेय के रूप में काम करेगा। कुछ लोग इसी सामग्री को ब्लेंडर में डालकर ज़रुरत के हिसाब से सेंधा नमक मिलाकर टमाटर लहसन सूप बनाते हैं। हल्दी से मुश्किलें हल करेंहल्दी में curcumin और गंध तेल जिसमें कफ़ और कोल्ड से जूझ रहे लोगों को उबारने की ताकत होती है, प्रचुर मात्रा में उपलब्ध होते हैं। जैसे ही आपको गले में खरास का अनुभव हो, तुरंत हल्दी का सेवन करें, इससे त्वरित रूप से खरास और खांसी दूर होगी। हल्दी के सेवन का सबसे आसान तरीका है गर्म दूध में थोड़ा सा हल्दी पाउडर मिलाकर पीना। कुछ लोग हल्दी के इस्तेमाल से चाय भी बनाते हैं। चार कप पानी उबाल लें, इसमें एक टेबलस्पून हल्दी पाउडर मिलाएं और दस मिनट तक उस उबले हुए पानी में रहने दें। एक अच्छे छन्ने का इस्तेमाल करके उसे छान लें और फिर उसमें थोड़ा शहद और नींबू मिलाएं। आपकी औषधीय हल्दी चाय तैयार है। (पढ़िए : त्रिफला के प्रभावी गुण )हर्बल चाय का सेवन करेंऊपर बताई गई हल्दी चाय के अलावा दूसरी हर्बल चाय भी हैं जिनका सेवन करने से वे लोग लाभ हासिल कर सकते हैं जो नियमित रूप से कफ़ और कोल्ड का शिकार रहते हैं। इन चाय में काली मिर्च, अदरक, तुलसी और दालचीनी आदि विभिन्न सामग्रियों का मिश्रित असर होता है जो कोल्ड और कफ़ पैदा करने वाले जीवाणु-विषाणु को कोसों दूर रखता है।इलायची के चार पोट लें, चार काली मिर्च के, चार लौंग, बारीक कटी अदरक और दालचीनी के छोटे टुकड़े लें। सबको पानी में डालकर इस मिश्रण को उबालें, आंच बिलकुल धीमी रखें, बर्तन को ढँक दें और दस से पंद्रह मिनट तक पकने दें। फिर चाय को छान लें, इसमें थोड़ा सा दूध या शहद मिलाएं और गर्म पेय का ही सेवन करें।आप चाहें तो सिर्फ तुलसी से बनी सामान्य चाय भी बना सकते हैं। 15 ठीक से धोए हुए तुलसी के पत्ते लें, डेढ़ कप पानी लें और इसे उबालें। लगभग दस मिनट बाद द्रव्य को छान लें, एक टेबलस्पून नींबू का रस मिलाएं और गर्म अवस्था में ही इसका सेवन करें। (पढ़िए : मधुमेह या डायबिटीज का घरेलु उपचार )कुछ लोग नीम और शहद का इस्तेमाल करके बनाया गया गारागिल भी इस्तेमाल करते हैं। नीम के तीन पत्ते लें, मीडियम साइज़ के ग्लास में पानी लें और इसे उबालें। जब द्रव्य ठंडा हो जाए, इसमें एक टीस्पून शहद मिलाएं और इस द्रव्य से गरारे करें। इससे आपके गले का संक्रमण ठीक हो जाएगा।होममेड औषधीय कफ़ टॉफ़ीहॉल्स और स्ट्रेपसिल्स के ज़माने से कहीं पहले भारत के घरों में ऐसी देसी टॉफ़ियों की भरमार रही है को कोल्ड और कफ़ को दूर करने में बहुत कारगर रहे हैं। यहां हम आपको ऐसी टॉफ़ी का एक आसान नुस्खा बता रहे हैं। थोड़ा सा अदरक लें, उसे काटकर उसका रस निकालें, काली मिर्च का पाउडर बनाकर उसे भून लें। अब अदरक के रस में ये पाउडर मिलाएं, थोड़ी हल्दी मिलाएं और थोड़ा शहद मिलाएं और इस पेस्ट की गोली बना लें। इन गोलियों को जब भी ज़रुरत पड़े मुंह में रखकर धीरे-धीरे दस से पंद्रह मिनट तक चूसें। दिन में दो-तीन गोलियों का सेवन आपको त्वरित लाभ देगा। बलगम बनने वाले कफ़ के लिए नुस्खे यदि आप ऐसे कफ़ से ग्रसित हैं जो बलगम पैदा करता हो, तो इसका समाधान भी आसान नुस्खों में मिल जाएगा। थोड़ी काली मिर्च लें, थोड़ा ज़ीरा और गुड़ लें। थोडा पानी मिलाकर इसे तब तक उबालें जब तक यह काढ़े की शक्ल न ले ले। थोडा ठंडा होने दें और इसे पी लें।पान के कुछ पत्ते लें और उसका रस निचोड़ लें; दो चम्मच रस में एक टीस्पून शहद मिलाएं और इस मिश्रण को दिन में दो बार खाना खाने के आधे घंटे बाद पी लें। इससे बलगम पैदा करने वाले कफ़ से आपको छुटकारा मिलेगा।References: Garlic :Preventing the common cold with a garlic supplement: A double-blind, placebo-controlled surveyTurmeric:Pharmacological basis for the use of turmeric in gastrointestinal and respiratory disordersGinger:blog। ayurveda-kendra.comBlack pepper:Naturalstandard.comBeetle leaves:Aallayurveda.comFor more articles on cough and cold, visit our cough and cold section. Follow us on Facebook and Twitter for all the latest updates! For daily free health tips, sign up for our newsletter. And to join discussions on health topics of your choice, visit our forum.