
मुकेश शर्मा
मुकेश शर्मा दिल्ली यूनिर्विसिटी से जर्नलिज्म डिग्री होल्डर हैं और पिछले 8 साल से Health Journalism से जुड़े हुए ... Read More
Written By: Mukesh Sharma | Updated : October 24, 2025 6:48 PM IST
What is Carbide Gun in Hindi: एक दर्दनाक खबर मध्य प्रदेश से सामने आ रही है। असल में दिवाली का जश्न तब एक दर्दनाक घटना में बदल गया, जब लगभग 300 लोग, जिनमें कई बच्चे भी शामिल थे कार्बाइड गन या एग्री-कैनन चलाने के दौरान घायल हो गए। विशेष रूप से उनकी आंखे में हल्की चोटें आई हैं। घटना सोमवार और मंगलवार के दिन हुई। अधिकारियों के अनुसार, लगभग 30 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। डॉक्टरों ने अंदाजा लगाया है कि इनमें से कई अपनी दृष्टि हमेशा के लिए खो भी सकते हैं। सूत्रों से खबर मिल रही है कि भोपाल में सात गंभीर रूप से घायल बच्चों को हमिदिया अस्पताल में भर्ती कराया गया है, वहीं कुछ घायल ग्वालियर और विदिशा के अस्पतालों में उपचाराधीन हैं।
कार्बाइड गन एक उपकरण है, जिसका इस्तेमाल आमतौर पर किसान बंदरों और पक्षियों से फसलों को बचाने के लिए करते हैं। इनमें छोटे-छोटे विस्फोटक उपकरण होते हैं, जो तेज आवाज करते हैं और जानवरों व पक्षियों को फसलों दूर रखते हैं। एक्सपर्ट्स के अनुसार, इस तरह की चोटें मुख्यतः एल्कली और एसिड प्रकार की होती हैं। जबकि एसिड चोटें आमतौर पर कम गंभीर होती हैं, एल्कली चोटें अत्यंत खतरनाक होती हैं और इनमें आंखों को स्थायी नुकसान पहुंचने का जोखिम अधिक होता है। एल्कली आंखों की चोटों में इलाज का मुख्य उद्देश्य अधिक नुकसान से बचाना होता है।
मध्य प्रदेश के उप मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य विभाग के प्रभारी राजेंद्र शुक्ला ने कहा कि जैसे ही उन्हें घटना की जानकारी मिली, समिक्षा बैठक बुलाई गई। एक मेडिकल टीम का गठन किया गया है, जो बच्चों और अन्य पीड़ितों को सभी आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं प्रदान कर रही है। प्रशासन ने जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है। हालांकि, इस बार इनके गलत उपयोग से कई लोगों की जान खतरे में पड़ गई और कई लोगों की हमेशा के लिए आंखों क रोशनी जाने की संभावना भी है। प्रशासन ने लोगों से आगाह किया है कि दिवाली और अन्य त्योहारों के अवसर पर इन उपकरणों का प्रयोग न करें और सार्वजनिक सुरक्षा का ध्यान रखें।
कार्बाइड गन या इस तरह के किसी भी आग के उपकरण का उपयोग करने से पहले उसकी अच्छे से जांच करना जरूरी है, ताकि उसका इस्तेमाल करने से पहले यह पता लगाया जा सके कि उसमें किसी तरह की कोई कमी तो नहीं है। साथ ही ऐसे उपकरण का पूर्ण रूप से इस्तेमाल करने से पहले उसकी पूर्ण जानकारी होनी चाहिए। बच्चों की पहुंच से ऐसी चीजों को दूर रखना चाहिए और अनजान व्यक्तियों को इसका इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।
साथ ही इस तरह के उपकरणों का इस्तेमाल करने से पहले प्रोपर सेफ्टी गियर पहनना जरूरी होता है, ताकि किसी भी समस्या के विकसित होने से पहले ही उसका बचाव किया जा सके। साथ ही बच्चों व अनजान व्यक्तियों के लिए ऐसे उपकरणों के प्रति जागरूकता का अभियान होना जरूरी है।
अस्वीकरण: प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।