
साधना तिवारी
साधना तिवारी 15 वर्षों से मीडिया क्षेत्र में हैं। लगभग 9 वर्षों से अधिक समय से ZEE ग्रुप के साथ जुड़ी हुई ... Read More
Written By: Sadhna Tiwari | Published : October 15, 2018 5:21 PM IST
© Shutterstock
बच्चे अक्सर किसी खास तरह की दिखने वाली चीज़ें खाने से बचते हैं। वे रंग, आकार और भोजन के टेक्सचर के आधार पर अपना भोजन चुनते है। ऐसे बच्चे एक दिन किसी चीज को पसंद कर सकते हैं और दूसरे दिन उन्हें ही खाने से मना कर सकते हैं। ऐसे बच्चों को फसी ईटर कहा जाता है, और ऐसे बच्चों को संभालना उनके मााता-पित के लिए किसी चुनौती से कम नहीं होता। हम आपको ऐसे बच्चों से निपटने के तरीके बता रहे हैं।
मेरी भतीजी भी खाने के मामले में काफी नखरे दिखाती है। इससे परेशान होकर जब हम डॉक्टर के पास गए, तो उन्होंने हमसे कहा कि इसका सबसे आसान उपाय यह है कि आप उसके लिए कई सारी चीजें बनाएं। इसका मतलब यह हुआ कि अब हमें थोड़ा और समय किचन में बिताना पड़ेगा और उसकी पसंद के हिसाब से कुछ चीज़ें बनाने और खिलाने की कोशिश करनी होगी।
डॉक्टर ने बताया कि इस तरह के बच्चों की जल्दी ही खाने की चीजों को लेकर दिलचस्पी कम हो जाती है। इसलिए यह पेरेंट्स की जिम्मेदारी है कि वों खाने में उसकी दिलचस्पी को बनाए रखें। बच्चे की प्लेट में कम से कम चार तरह की चीजें होने चाहिए जैसे- सब्जी, पुलाव, रोटी, चिकन, पनीर, या टोफू। इससे यह होगा कि अगर आपका बच्चा कुछ चीज खाने के लिए मना करेगा, तो आप उसे दूसरी चीज खिला सकते हैं।
कुल मिलाकर विचार यह है कि आप अपनी तरफ से कई सारी चीजें तैयार रखें। अगर आप पुलाव या खिचड़ी खिलाना शुरू करते हैं और थोड़ा खाने के बाद बच्चा मना करने लगता है, तो उसे कुछ चिकन या अंडा खाने को दें। इसके बाद फिर थोड़ी खिचड़ी खिलाएं। बेशक इस क्रम में आपका थोड़ा ज्यादा समय लग सकता है लेकिन यकीन मानिए इसका परिणाम सुखद ही होगा। डॉक्टर ने यह भी बताया कि अगर आप बच्चे को हर चीज में से एक या दो चम्मच उसे खिला देते हैं, तो उससे बच्चे को आवश्यक पोषक तत्व मिल जाएंगे।
तो आप आजमाइए यह टिप और हमें कमेंट बॉक्स में लिखें कि यह आपके लिए कारगर रही या नहीं।