Ayushman Bharat: नेशनल डिजिटल हेल्थ ब्लूप्रिंट से 'हेल्थ केयर फॉर ऑल' संभव हो सकता है-डॉ. हर्षवर्धन

केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने कहा कि भारत सरकार सभी दूरस्थ स्थानों तक उच्च गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधा सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। राष्ट्रीय डिजिटल स्वास्थ्य ब्लूप्रिंट (एनडीएचबी) महज एक शुरूआत है; यह हमें स्वास्थ्य सेवा प्रणालियों को सशक्त बनाने में एक दिशा और एक मार्ग प्रदान करता है : डॉ. हर्षवर्धन केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने हितधारकों से एक समयबद्ध तरीके से ब्लूप्रिंट को लागू करने की मांग की

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Written By: Editorial Team | Published : October 30, 2019 9:20 AM IST

आयुष्मान भारत योजना ( Ayushman Bharat)को सफल बनाने और सबके लिए स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में हितधारकों से एक समयबद्ध तरीके से राष्ट्रीय डिजिटल स्वास्थ्य ब्लूप्रिंट (एनडीएचबी) को लागू करने की दिशा में काम करने की मांग करते हुए, केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने कहा कि भारत सरकार सभी दूरस्थ स्थानों तक उच्च गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधा सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।( Ayushman Bharat)

राष्ट्रीय डिजिटल स्वास्थ्य ब्लूप्रिंट (एनडीएचबी) की रिपोर्ट पेश की गयी:

डिजिटल स्वास्थ्य क्रियाकलापों से इस सुधार में तेजी आ रही है और इसके फलस्वरूप व्यापक स्वास्थ्य सुविधा में समर्थन की अत्यधिक संभावना है। भारतीय राष्ट्रीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (यूआईडीएआई) के पूर्व अध्यक्ष और राष्ट्रीय डिजिटल स्वास्थ्य ब्लूप्रिंट (एनडीएचबी) समिति के अध्यक्ष  जे. सत्यनारायण ने नई दिल्ली में डॉ. हर्षवर्धन को एनडीएचबी की अंतिम रिपोर्ट सौंप दी।

जे. सत्यनारायण ने उन प्रयासों के बारे में संक्षिप्त रूप से चर्चा की, जिनके परिणामस्वरूप एनडीएचबी की रिपोर्ट तैयार हुई। उन्होंने एनडीएचबी के प्रस्ताव के अनुसार कार्यक्रम को संक्षिप्त रूप से प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य नीति 2017 में स्वास्थ्य सुविधा के क्षेत्र से जुड़ी प्राथमिकताओं को शामिल किया था और स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की इस सुझाव रिपोर्ट ने इसे पूरा करने की दिशा में मार्ग सुझाए हैं। उन्होंने कहा कि इसे व्यापक स्वास्थ्य सुविधा कवरेज के लक्ष्य तक पहुंचने की दिशा में भारत सरकार का सबसे बड़ा कदम माना जा सकता है, जिसमें डिजिटल स्वास्थ्य सुविधा घटक पर जोर दिया जा रहा है।

डिजिटल हेल्थ प्रोग्राम्स हैं समय की मांग:

डॉ. हर्षवर्धन ने कहा कि आज समय की आवश्यकता एक ऐसी पारिस्थितिकी प्रणाली बनाने की है, जो वर्तमान विषम स्वास्थ्य सूचना प्रणाली को एकीकृत कर सकती है और आगामी कार्यक्रमों के लिए रास्ता दिखा सकती है। मजबूत और प्रभावी तरीके से स्वास्थ्य सेवाओं को प्रदान करने और उनकी निगरानी के लिए सूचना प्रौद्योगिकी प्रणालियों में तालमेल सुनिश्चित करने की आवश्यकता है। स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय ने राष्ट्रीय डिजिटल स्वास्थ्य रूपरेखा (एनडीएचपी) के अंतर्गत व्यापक राष्ट्रव्यापी एकीकृत ई-स्वास्थ्य प्रणाली की दिशा में प्रयास किया है।

एनडीएचबी स्वास्थ्य क्षेत्र में वर्तमान एप्लीकेशनों और भारत में सार्वजनिक स्वास्थ्य सुविधाओं तथा निजी स्वास्थ्य सुविधाओं में फाइलो में पड़े डाटा को एकीकृत करने के लिए साझा प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराने में सहायता देगी। नीति आयोग, स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा ‘नेशनल हेल्थ स्टैक’ (एनएचएस) के प्रारम्भिक दस्तावेज में समय-सीमा, लक्ष्यों तथा भारत में स्वास्थ्य कार्यक्रमों के डिजिटल तालमेल के लिए संसाधन की आवश्यकताओं को स्पष्ट रूप से परिभाषित किया गया है।

इस अवसर पर डॉ. हर्षवर्धन ने डिजिटल भारत कार्यक्रम के अंतर्गत प्रत्येक व्यक्ति के दरवाजे पर सेवाएं देने के माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विजन ( Ayushman Bharat) की चर्चा की और आशा व्यक्त की कि स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय के कार्यक्रमों के साथ एनडीएचबी लागू करने से प्रत्येक व्यक्ति को लाभ मिलेगा।

(Input: Press Release)

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