
साधना तिवारी
साधना तिवारी 15 वर्षों से मीडिया क्षेत्र में हैं। लगभग 9 वर्षों से अधिक समय से ZEE ग्रुप के साथ जुड़ी हुई ... Read More
Written By: Sadhna Tiwari | Updated : May 13, 2022 11:49 AM IST
Anemia in Indian Population: खून की कमी या एनिमिया की समस्या भारत (anemia in Indian population) में कितनी गम्भीर है इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि भारत में 5 वर्ष से छोटे बच्चों में से लगभग 67 फीसदी बच्चे एनिमिया से पीड़ित हैं। पांचवे नेशनल फैमिली हेल्थ सर्वे (5th round of National Family Health Survey) में जो आंकड़े सामने आए हैं उनके अनुसार देश में 5 वर्ष से छोटे बच्चे, किशोर में लड़के-लड़कियों और गर्भवती महिलाओं में एनिमिया के मामले सबसे अधिक पाए गए हैं। ये सभी आयु वर्ग एनिमिया से सबसे अधिक प्रभावित पाए गए हैं। इस सर्वे रिपोर्ट के अनुसार,
एनिमिया एक ऐसी स्थिति है जिसमें शरीर में हिमोग्लोबिन (hemoglobin) का स्तर बहुत कम हो जाता है। चूंकि, हीमोग्लोबिन शरीर में रक्त के माध्यम से ऑक्सीजन को शरीर के अन्य अंगों तक पहुंचाने का काम करता है। बच्चों में एनिमिया एक गम्भीर स्थिति हो सकती है क्योंकि, इससे बच्चों के दिमागी विकास (cognitive development) और उनके शारीरिक विकास (growth) में रूकावट आ सकती है। इससे बच्चों में संक्रामक बीमारियों का रिस्क बढ़ता है और बच्चे कई गम्भीर बीमारियों का शिकार हो सकते हैं। भारत में छोटे बच्चों और गर्भवती महिलाओं में एनिमिया पीड़ितों की संख्या लम्बे समय से काफी अधिक रिकॉर्ड की जाती रही है। वहीं, NFHS के आंकड़ों के अनुसार, बीते कुछ वर्षों में भारत में एनिमिया के मामलों की संख्या में बढ़ोतरी हुई है।